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सरकारी दर्जा प्राप्त करने की मांग को लेकर आंगनवाडी वर्करों ने प्रधानमंत्री के नाम भेजा मांग पत्र
Updated Wed, 03 Oct 2018 10:20 PM IST
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आंगनबाड़ी वर्करों ने घेरा डीसी ऑफिस
प्रधानमंत्री के नाम भेजा मांग पत्र, तीन दिसंबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की चेतावनी
अमर उजाला ब्यूरो
बठिंडा। सरकारी दर्जा प्राप्त करने की मांग को लेकर ऑल पंजाब आंगनबाड़ी यूनियन की ओर से बुधवार को डीसी कार्यालय के आगे एक दिवसीय धरना लगाया गया। इसी दौरान आंगनबाड़ी वर्करों ने डीसी के जरिए पीएम को मांगपत्र सौंपा।
ऑल पंजाब आंगनबाड़ी यूनियन की नेता जसविंदर कौर, जसवंत कौर, रणइंद्र कौर और सरबजीत कौर ने बताया कि सरकार कई दशकों से आंगनबाड़ी वर्करों के साथ सौतेला व्यवहार करती आ रही है। उन्होंने मांग की कि आंगनबाड़ी वर्करों को नर्सरी अध्यापक का दर्जा सरकारी तौर पर दिया जाए। वर्करों का वेतन 24 और हेल्परों को 18 हजार रुपये प्रति माह वेतन दिया जाए। उक्त महिला नेताओं ने बताया कि आने वाली तीन दिसंबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर आंगनबाड़ी वर्करों की ओर से अपनी मांगों को लेकर एक विशाल प्रदर्शन किया जाएगा।
आंगनबाड़ी वर्करों के धरनास्थल को पुलिस ने घेरा
जिला पुलिस प्रशासन को जैसे ही आंगनबाड़ी वर्करों के एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन के बारे में पता चला तो पुलिस ने सुबह से ही डीसी कार्यालय के पास चौकसी बढ़ाते हुए पुलिस कर्मी तैनात कर दिए। करीब 10 बजे जैसे ही सैकड़ों आंगनबाड़ी वर्कर डीसी कार्यालय के पास धरना लगाने पहुंचे तो पहले से तैनात पुलिस ने मिनी सचिवालय के गेट बंद कर लिए। धरना स्थल के चारों तरफ बैरिकेडिंग कर वर्करों को घेरा डाल लिया। दोपहर को जब नायब तहसीलदार ने वर्करों का मांगपत्र लिया तो उसके बाद आंगनबाड़ी वर्करों ने अपना धरना समाप्त कर दिया।
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प्रधानमंत्री के नाम भेजा मांग पत्र, तीन दिसंबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की चेतावनी
अमर उजाला ब्यूरो
बठिंडा। सरकारी दर्जा प्राप्त करने की मांग को लेकर ऑल पंजाब आंगनबाड़ी यूनियन की ओर से बुधवार को डीसी कार्यालय के आगे एक दिवसीय धरना लगाया गया। इसी दौरान आंगनबाड़ी वर्करों ने डीसी के जरिए पीएम को मांगपत्र सौंपा।
ऑल पंजाब आंगनबाड़ी यूनियन की नेता जसविंदर कौर, जसवंत कौर, रणइंद्र कौर और सरबजीत कौर ने बताया कि सरकार कई दशकों से आंगनबाड़ी वर्करों के साथ सौतेला व्यवहार करती आ रही है। उन्होंने मांग की कि आंगनबाड़ी वर्करों को नर्सरी अध्यापक का दर्जा सरकारी तौर पर दिया जाए। वर्करों का वेतन 24 और हेल्परों को 18 हजार रुपये प्रति माह वेतन दिया जाए। उक्त महिला नेताओं ने बताया कि आने वाली तीन दिसंबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर आंगनबाड़ी वर्करों की ओर से अपनी मांगों को लेकर एक विशाल प्रदर्शन किया जाएगा।
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आंगनबाड़ी वर्करों के धरनास्थल को पुलिस ने घेरा
जिला पुलिस प्रशासन को जैसे ही आंगनबाड़ी वर्करों के एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन के बारे में पता चला तो पुलिस ने सुबह से ही डीसी कार्यालय के पास चौकसी बढ़ाते हुए पुलिस कर्मी तैनात कर दिए। करीब 10 बजे जैसे ही सैकड़ों आंगनबाड़ी वर्कर डीसी कार्यालय के पास धरना लगाने पहुंचे तो पहले से तैनात पुलिस ने मिनी सचिवालय के गेट बंद कर लिए। धरना स्थल के चारों तरफ बैरिकेडिंग कर वर्करों को घेरा डाल लिया। दोपहर को जब नायब तहसीलदार ने वर्करों का मांगपत्र लिया तो उसके बाद आंगनबाड़ी वर्करों ने अपना धरना समाप्त कर दिया।
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