{"_id":"5aa558b84f1c1b8e778b4df7","slug":"111520785592-ludhiana-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"विभिन्न जत्थेबंदियों ने बस स्टैंड चौंक पर फूंकी पंजाब सरकार की अर्थी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विभिन्न जत्थेबंदियों ने बस स्टैंड चौंक पर फूंकी पंजाब सरकार की अर्थी
Updated Sun, 11 Mar 2018 10:04 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जत्थेबंदियों ने फूंकी सरकार की अर्थी
शिक्षा विभाग की समूह जत्थेबंदियों ने एक किलो मीटर लंबा रोष मार्च निकाला
अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना।
शिक्षा विभाग की सोसायटी तहत काम कर रहे मुलाजिमों की जत्थेबंदियों की लुधियाना इकाई ने सांझे रुप में अर्थी फूंक प्रदर्शन किया गया। रोष मार्च करने के बाद बस स्टैंड चौक पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की ग्रई।
दर्शन में एसएसए/रमसा अध्यापक यूनियन पंजाब, कंप्यूटर अध्यापक यूनियन पंजाब, एसएसए दफ्तरी कर्मचारी यूनियन पंजाब तथा एक्शन कमेटी एसएसए/रमसा अध्यापक यूनियन के मुलाजिम शामिल हुए। नेताओं ने कहा कि कैबिनेट मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू की अगुवाई में बनी सबकमेटी की ओर से 12-12 सालों से काम करते मुलाजिमों की तनख्वाह देने की सिफारिश करना, न सिर्फ चुनाव के समय किए वादे से भागना है बल्कि नैतिकता, स्थापित नियमों तथा संविधानिक व्यवस्था की धज्जियां उड़ाने के रिकार्ड तोडना है। ऐसा करके मौजूदा सरकार 12-12 वर्षों से कम तनख्वाह पर काम करने के बावजूद भी मुलाजिमों को बनता हक देने की बजाए शोषण तथा धक्के की नीति को आगे बढ़ाने में लगी हुई है।
जिला ने अमनदीप सिंह ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने सभी कर्मचारियों को एक समान वेतन देने का फैसला सुनाया है, दूसरी तरफ कैप्टन सरकार भारतीय संविधान तथा सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लागू करने के उलट मुलाजिमों का बेसिक तनख्वाह देने जैसे फैसले करके इन व्यवस्थाओं को मुंह चिढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से समूह सोसायटी मुलाजिमों को शिक्षा विभाग में शिफ्ट/रेगुलर करने तक संघर्ष जारी रखा जाएगा। इस मौके पर दलजीत सिंह, प्रभजीत सिंह, प्रवीन कुमार, पवनदीप सिंह, अमनदीप सिंह, जोगिंदर, बिक्रमजीत सिंह, डा. परशोतम सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
शिक्षा विभाग की समूह जत्थेबंदियों ने एक किलो मीटर लंबा रोष मार्च निकाला
अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना।
शिक्षा विभाग की सोसायटी तहत काम कर रहे मुलाजिमों की जत्थेबंदियों की लुधियाना इकाई ने सांझे रुप में अर्थी फूंक प्रदर्शन किया गया। रोष मार्च करने के बाद बस स्टैंड चौक पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की ग्रई।
दर्शन में एसएसए/रमसा अध्यापक यूनियन पंजाब, कंप्यूटर अध्यापक यूनियन पंजाब, एसएसए दफ्तरी कर्मचारी यूनियन पंजाब तथा एक्शन कमेटी एसएसए/रमसा अध्यापक यूनियन के मुलाजिम शामिल हुए। नेताओं ने कहा कि कैबिनेट मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू की अगुवाई में बनी सबकमेटी की ओर से 12-12 सालों से काम करते मुलाजिमों की तनख्वाह देने की सिफारिश करना, न सिर्फ चुनाव के समय किए वादे से भागना है बल्कि नैतिकता, स्थापित नियमों तथा संविधानिक व्यवस्था की धज्जियां उड़ाने के रिकार्ड तोडना है। ऐसा करके मौजूदा सरकार 12-12 वर्षों से कम तनख्वाह पर काम करने के बावजूद भी मुलाजिमों को बनता हक देने की बजाए शोषण तथा धक्के की नीति को आगे बढ़ाने में लगी हुई है।
विज्ञापन
जिला ने अमनदीप सिंह ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने सभी कर्मचारियों को एक समान वेतन देने का फैसला सुनाया है, दूसरी तरफ कैप्टन सरकार भारतीय संविधान तथा सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लागू करने के उलट मुलाजिमों का बेसिक तनख्वाह देने जैसे फैसले करके इन व्यवस्थाओं को मुंह चिढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से समूह सोसायटी मुलाजिमों को शिक्षा विभाग में शिफ्ट/रेगुलर करने तक संघर्ष जारी रखा जाएगा। इस मौके पर दलजीत सिंह, प्रभजीत सिंह, प्रवीन कुमार, पवनदीप सिंह, अमनदीप सिंह, जोगिंदर, बिक्रमजीत सिंह, डा. परशोतम सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन