कपूरथला के व्यक्ति की फिलीपींस में मौत: जो विदेश लेकर गया, उसने किया टॉर्चर, शव के बदले मांग रहा मकान
कपूरथला के एक व्यक्ति की फिलीपींस में मौत हो गई। मृतक के शव को लाने के लिए परिवार पर उनके मकान को छीनने की कोशिश की जा रही है। पीड़ित परिवार ने शव भारत लाने के लिए संत सीचेवाल से गुहार लगाई है।
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कपूरथला के सुल्तानपुर लोधी के गांव मेवा सिंह वाला के एक व्यक्ति की मनीला (फिलीपींस) में संदिग्ध हालात में मौत हो गई। अब मृतक कुलदीप लाल का शव भारत लाने के लिए परिवार को प्रताड़ना सहना पड़ रही है। क्योंकि जो व्यक्ति कुलदीप को अपने साथ फिलीपींस लेकर गया था वह उसके परिवार से शव भेजने के बदले उनका घर उसे देने की मांग कर रहा है।
कुलदीप लाल की विधवा पत्नी भजन कौर ने बताया कि उसका पति 19 महीने पहले मनीला गया था। वह गांव के बलदेव सिंह और उसकी पत्नी मंजीत कौर के रेस्टोरेंट में काम करने गया था। बलदेव सिंह ही कुलदीप लाल को अपने साथ फिलीपींस ले गया था। पीड़ित परिवार ने संत बलबीर सिंह सीचेवाल से मांग कुलदीप का शव भारत लाने की गुहार लगाई है।
मृतक के अंतिम संस्कार को तरस रहा परिवार
भजन कौर की बेटी कुलबीर कौर ने बताया कि उनके पिता की 15 अगस्त को मनीला में मौत हो गई थी। बलदेव सिंह उन पर कुलदीप लाल का शव भारत भेजने के बदले गांव में स्थित दो मरले का मकान उसे देने का दबाव बना रहा है। उनके मकान की कीमत तीन लाख से ज्यादा नहीं है, लेकिन फिर भी उनसे सिर ढकने का आखिरी सहारा भी छीनने की कोशिश की जा रही है। पीड़ित परिवार कुलदीप लाल का अंतिम संस्कार करने के लिए भी तरस रहा है।
घरवालों से कुलदीप की बात नहीं होने देता था बलदेव सिंह
कुलदीप लाल घर की जरूरतों को पूरा करने के लिए दिसंबर 2022 में बलदेव सिंह के माध्यम से विदेश गया था। बलदेव सिंह की पत्नी मंजीत कौर ने अच्छे वेतन और उज्ज्वल भविष्य का वादा करते हुए कुलदीप लाल को उनके साथ जाने के लिए मना लिया, लेकिन जब वह विदेश पहुंचे तो हालात बद से बदत्तर हो गए। भजन कौर के मुताबिक मालिक बलदेव सिंह ने उसे नजरअंदाज करना शुरू कर दिया और उसे अपने घरवालों से बात भी नहीं करने देता था। इस कारण गांव में रहने वाले परिवार के सदस्यों का कुलदीप लाल से संपर्क टूट गया था।
कुलदीप से मारपीट करता था बलदेव सिंह
भजन कौर ने बताया कि पिछले 19 महीनों में कुलदीप लाल ने उन्हें महज 40 हजार रुपये की मामूली राशि भेजी। उसने आरोप लगाया कि उसका मालिक बलदेव सिंह उसके पति को पीटता था। वहां उन्हें बंदी बना लिया गया और प्रताड़ित किया गया। वह अपने पति की सुरक्षा के डर से चुप रही। लेकिन, अब पति की मौत की खबर ने उनसे सब कुछ छीन लिया है।
संत सीचेवाल ने विदेश मंत्रालय को लिखा पत्र
विधवा भजन कौर अपने परिवार के साथ निर्मल कुटिया सुल्तानपुर लोधी पहुंची और राज्यसभा सदस्य बलबीर सिंह सीचेवाल से पति का शव वापस लाने की मांग की। इस पर तुरंत कार्रवाई करते हुए राज्यसभा सदस्य संत सीचेवाल ने विदेश मंत्रालय को एक लिखित पत्र भेजा है। विदेश मंत्रालय की तरफ से इस पर कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।
विदेश में कुलदीप को कैदी बनाकर रखा
संत सीचेवाल ने कुलदीप लाल के शव को घर भेजने की बजाय उसका घर अपने नाम करवाने की घटना को अमानवीय व्यवहार बताया। परिजनों के अनुसार गांव के ही बलदेव सिंह ने कुलदीप लाल को झांसा देकर फिलीपींस बुलाया था, लेकिन उन्हें उचित श्रम देने के बजाय, उसे कैदी बनाकर रखा गया, जिसके परिणामस्वरूप उनकी मृत्यु हो गई। अब भी वे उसके शव को वापस भेजने के लिए परिवार का शोषण कर रहे हैं।