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यूपीए सरकार की सराहना करने पर शांता कुमार पर बरसे कालिया
ब्यूरो/अमर उजाला, जालंधर
Updated Sun, 17 Jan 2016 05:59 PM IST
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भाजपा के विधायक मनोरंजन कालिया ने फिर से हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार की ओर से यूपीए सरकार की तारीफ करने पर विरोध जताया है।
विधायक ने शांता कुमार को एक लेटर पोस्ट किया है। साथ ही इसे अपने फेसबुक पेज पर भी अपलोड कर दिया है।
इसमें विधायक मनोरंजन कालिया ने शांता कुमार से कहा है कि आपकी ओर से एक अखबार में लिखे लेख में यूपीए सरकार की भरपूर प्रशंसा की है कि सरकार ने 2013 में कंपनी कानून में संशोधन किया व उक्त संशोधन भारत के सामाजिक विकास में मील का पत्थर साबित हो रहा है।
इस पत्र में विधायक ने हिमाचल के मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह व शांता कुमार के संबंधों पर भी प्रहार किया है। विधायक का कहना है कि हिमाचल प्रदेश में 2012 हुए चुनाव में भाजपा का सत्ता में न आना शांता कुमार और वीरभद्र सिंह के अच्छे रिश्तों की कहानी कह रहा है।
उन्होंने कहा कि जब वे हिमाचल प्रदेश गए तो वहां के भाजपा कार्यकर्ता दबी जुबान में शांता और वीरभद्र सिंह के रिश्ते को बयान करते दिखे थे। उन्होंने कुछ बड़े नेताओं पर निशाना साधते हुए लिखा है कि वैसे भी आजकल दूसरी पार्टी की तारीफ करने का मौसम चल रहा है।
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हाल ही में पीपीपी के अध्यक्ष मनप्रीत बादल कांग्रेस की प्रशंसा करते देखे गए हैं। इसके साथ ही कांग्रेसी नेता और पूर्व सांसद जगमीत बराड़ भी आप की प्रशंसा कर रहे हैं। लेकिन इन सभी का मनोरथ क्या है, यह तो आने वाला समय ही बताएगा।
उन्होंने शांता कुमार पर कांग्रेस की जयकार करने का आरोप लगाते कहा कि पहले तो आपने 10 जुलाई 2015 को लिखा पत्र 21 जुलाई 2015 को फेसबुक और ट्रवीटर पर डालकर पार्टी की किरकिरी की।
उसके बाद 16 जनवरी 2016 का आपका छपा यह लेख कांग्रेस पार्टी को महिमामंडित कर रहा है। उन्होंने कहा कि एनडीए सरकार को बने 2 साल हो गए और इन सालों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कई ऐसे कार्य किए जो कि भारत को वैभव तक पहुंचाने के लिए मील का पत्थर साबित होंगे।
उन्होंने कहा कि शांता कुमार जी आपको इन दोनों की ओर से किए गए कार्यों में कोई भी ऐसा कार्य नजर नहीं आया, जिस पर आप प्रशंसनीय लेख लिख सकें।
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विधायक ने शांता कुमार को एक लेटर पोस्ट किया है। साथ ही इसे अपने फेसबुक पेज पर भी अपलोड कर दिया है।
इसमें विधायक मनोरंजन कालिया ने शांता कुमार से कहा है कि आपकी ओर से एक अखबार में लिखे लेख में यूपीए सरकार की भरपूर प्रशंसा की है कि सरकार ने 2013 में कंपनी कानून में संशोधन किया व उक्त संशोधन भारत के सामाजिक विकास में मील का पत्थर साबित हो रहा है।
इस पत्र में विधायक ने हिमाचल के मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह व शांता कुमार के संबंधों पर भी प्रहार किया है। विधायक का कहना है कि हिमाचल प्रदेश में 2012 हुए चुनाव में भाजपा का सत्ता में न आना शांता कुमार और वीरभद्र सिंह के अच्छे रिश्तों की कहानी कह रहा है।
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उन्होंने कहा कि जब वे हिमाचल प्रदेश गए तो वहां के भाजपा कार्यकर्ता दबी जुबान में शांता और वीरभद्र सिंह के रिश्ते को बयान करते दिखे थे। उन्होंने कुछ बड़े नेताओं पर निशाना साधते हुए लिखा है कि वैसे भी आजकल दूसरी पार्टी की तारीफ करने का मौसम चल रहा है।
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हाल ही में पीपीपी के अध्यक्ष मनप्रीत बादल कांग्रेस की प्रशंसा करते देखे गए हैं। इसके साथ ही कांग्रेसी नेता और पूर्व सांसद जगमीत बराड़ भी आप की प्रशंसा कर रहे हैं। लेकिन इन सभी का मनोरथ क्या है, यह तो आने वाला समय ही बताएगा।
उन्होंने शांता कुमार पर कांग्रेस की जयकार करने का आरोप लगाते कहा कि पहले तो आपने 10 जुलाई 2015 को लिखा पत्र 21 जुलाई 2015 को फेसबुक और ट्रवीटर पर डालकर पार्टी की किरकिरी की।
उसके बाद 16 जनवरी 2016 का आपका छपा यह लेख कांग्रेस पार्टी को महिमामंडित कर रहा है। उन्होंने कहा कि एनडीए सरकार को बने 2 साल हो गए और इन सालों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कई ऐसे कार्य किए जो कि भारत को वैभव तक पहुंचाने के लिए मील का पत्थर साबित होंगे।
उन्होंने कहा कि शांता कुमार जी आपको इन दोनों की ओर से किए गए कार्यों में कोई भी ऐसा कार्य नजर नहीं आया, जिस पर आप प्रशंसनीय लेख लिख सकें।