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खाद्य सुरक्षा के नाम पर गरीबों से अन्याय हो रहा : धीमान
Tue, 15 Sep 2026 06:35 PM IST
चंडीगढ़ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर
संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर
Updated Tue, 15 Sep 2026 06:35 PM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
गढ़शंकर। भारत जगाओ आंदोलन के नेता जय गोपाल धीमान ने नेशनल फूड सिक्योरिटी एक्ट के तहत गरीब परिवारों को मिलने वाली गेहूं की मात्रा को अपर्याप्त बताया है। उन्होंने कहा कि प्रति व्यक्ति रोजाना करीब 166.7 ग्राम गेहूं मिलती है, जो वास्तविक खाद्य जरूरतों के लिए पर्याप्त नहीं है।
धीमान ने इतनी कम मात्रा को पूर्ण भोजन मानने को गरीब परिवारों की खाद्य जरूरतों के साथ अन्याय बताया। उन्होंने सरकार से खाद्य सुरक्षा योजना की समीक्षा कर वास्तविक जरूरतों के अनुसार व्यवस्था करने की मांग की। धीमान ने राशन कार्ड आधारित व्यवस्था की जगह पात्र परिवारों को 1500 रुपये प्रतिमाह देने की मांग भी रखी। उनके अनुसार, खाद्य सुरक्षा केवल गेहूं बांटने तक सीमित नहीं है। इसका उद्देश्य गरीब परिवारों को पर्याप्त और पौष्टिक भोजन उपलब्ध करवाना भी है। उन्होंने पंजाब में सब्सिडी वाले खाद्यान्न की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था की समीक्षा की मांग की। धीमान ने जोर दिया कि गरीबों को पर्याप्त भोजन उपलब्ध करवाना कल्याणकारी सरकार की जिम्मेदारी है।
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गढ़शंकर। भारत जगाओ आंदोलन के नेता जय गोपाल धीमान ने नेशनल फूड सिक्योरिटी एक्ट के तहत गरीब परिवारों को मिलने वाली गेहूं की मात्रा को अपर्याप्त बताया है। उन्होंने कहा कि प्रति व्यक्ति रोजाना करीब 166.7 ग्राम गेहूं मिलती है, जो वास्तविक खाद्य जरूरतों के लिए पर्याप्त नहीं है।
धीमान ने इतनी कम मात्रा को पूर्ण भोजन मानने को गरीब परिवारों की खाद्य जरूरतों के साथ अन्याय बताया। उन्होंने सरकार से खाद्य सुरक्षा योजना की समीक्षा कर वास्तविक जरूरतों के अनुसार व्यवस्था करने की मांग की। धीमान ने राशन कार्ड आधारित व्यवस्था की जगह पात्र परिवारों को 1500 रुपये प्रतिमाह देने की मांग भी रखी। उनके अनुसार, खाद्य सुरक्षा केवल गेहूं बांटने तक सीमित नहीं है। इसका उद्देश्य गरीब परिवारों को पर्याप्त और पौष्टिक भोजन उपलब्ध करवाना भी है। उन्होंने पंजाब में सब्सिडी वाले खाद्यान्न की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था की समीक्षा की मांग की। धीमान ने जोर दिया कि गरीबों को पर्याप्त भोजन उपलब्ध करवाना कल्याणकारी सरकार की जिम्मेदारी है।
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