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शिक्षक को सस्पेंड व तबादले के विरोध में प्रदर्शन
Updated Sat, 06 Jan 2018 10:29 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
मलोट (मुक्तसर)।
सरकारी प्राइमरी स्कूल लुधियाना के एक शिक्षक को सस्पेंड करने और तबादले के विरोध में शनिवार को मुक्तसर के शिक्षकों ने मलोट के बीपीईओ दफ्तर में रोष बैठक की। इसमें वक्ताओं ने शिक्षक को सस्पेंड करने और तबादले का विरोध जताया।
प्रदर्शनकारी शिक्षकों ने कहा कि राज्य के प्राइमरी स्कूलों में सफाई सेवक व चपरासी की कोई व्यवस्था नहीं है। इसके बावजूद सरकारी स्कूलों में सफाई काबिलेतारीफ है। इसका श्रेय शिक्षकों को जाता है क्योंकि वह खुद वहां साफ-सफाई रखते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्कूल के बच्चों को सफाई के प्रति प्रोत्साहित किया जाता है। उच्च अधिकारियों की ओर से समय-समय पर बच्चों के क्लब बनाकर सफाई करने के लिए प्रेरित किया जाता रहता है। एक तरफ प्रधानमंत्री सफाई के लिए प्रेरित कर रहे हैं तो दूसरी ओर शिक्षकों को बेवजह ही सस्पेंड किया जा रहा है। वह तो लंबे समय से सरकार से प्राइमरी स्कूलों में सफाई सेवक की भर्ती की मांग उठा रहे हैं। शिक्षकों ने चेतावनी दी कि अगर शिक्षक को बहाल न किया गया और बदली रद्द न की गई तो संघर्ष शुरू किया जाएगा। मौके पर हैरी बठला, गुरप्रीत बराड़, बलदेव सिंह, गुरप्रीत ढिल्लों, अशोक शर्मा, सतिंदर सिंह, संतोष कुमार, संजीव शर्मा, पवन मलौटिया, हरजीत सिंह, जगमीत सिंह, अमृतपाल सिंह उपस्थित थे।
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मलोट (मुक्तसर)।
सरकारी प्राइमरी स्कूल लुधियाना के एक शिक्षक को सस्पेंड करने और तबादले के विरोध में शनिवार को मुक्तसर के शिक्षकों ने मलोट के बीपीईओ दफ्तर में रोष बैठक की। इसमें वक्ताओं ने शिक्षक को सस्पेंड करने और तबादले का विरोध जताया।
प्रदर्शनकारी शिक्षकों ने कहा कि राज्य के प्राइमरी स्कूलों में सफाई सेवक व चपरासी की कोई व्यवस्था नहीं है। इसके बावजूद सरकारी स्कूलों में सफाई काबिलेतारीफ है। इसका श्रेय शिक्षकों को जाता है क्योंकि वह खुद वहां साफ-सफाई रखते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्कूल के बच्चों को सफाई के प्रति प्रोत्साहित किया जाता है। उच्च अधिकारियों की ओर से समय-समय पर बच्चों के क्लब बनाकर सफाई करने के लिए प्रेरित किया जाता रहता है। एक तरफ प्रधानमंत्री सफाई के लिए प्रेरित कर रहे हैं तो दूसरी ओर शिक्षकों को बेवजह ही सस्पेंड किया जा रहा है। वह तो लंबे समय से सरकार से प्राइमरी स्कूलों में सफाई सेवक की भर्ती की मांग उठा रहे हैं। शिक्षकों ने चेतावनी दी कि अगर शिक्षक को बहाल न किया गया और बदली रद्द न की गई तो संघर्ष शुरू किया जाएगा। मौके पर हैरी बठला, गुरप्रीत बराड़, बलदेव सिंह, गुरप्रीत ढिल्लों, अशोक शर्मा, सतिंदर सिंह, संतोष कुमार, संजीव शर्मा, पवन मलौटिया, हरजीत सिंह, जगमीत सिंह, अमृतपाल सिंह उपस्थित थे।
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