फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Chandigarh-Punjab News ›   Land disputes three important railway projects stuck in Punjab

पंजाब में तीन अहम रेल प्रोजेक्ट लटके: मोहाली-राजपुरा लाइन पर भी लगी ब्रेक, पाकिस्तान बॉर्डर पर नहीं मिली जगह

Fri, 11 Apr 2025 02:22 PM IST
अंकेश ठाकुर राजिंद्र शर्मा, चंडीगढ़
राजिंद्र शर्मा, चंडीगढ़ Published by: अंकेश ठाकुर Updated Fri, 11 Apr 2025 02:22 PM IST
सार

पंजाब में 12 रेल परियोजनाओं पर काम चल रहा, जिसमें 6 नई व 6 डबल लाइन हैं। वहीं सूबे में तीन अहम रेल प्रोजेक्ट लटक गए हैं। इनमें मोहाली-राजपुरा लाइन भी शामिल है। 

विज्ञापन
Land disputes three important railway projects stuck in Punjab
रेल मार्ग - फोटो : Freepik

विस्तार

पंजाब में भूमि विवादों के चलते हाईवे परियोजनाएं ही नहीं, बल्कि अहम रेल परियोजनाएं भी प्रभावित हो रही हैं। वर्ष 2013 में हरी झंडी मिलने के बावजूद केंद्र सरकार को पाकिस्तान बॉर्डर के पास फिरोजपुर-पत्ती रेललाइन के लिए अब तक जगह नहीं मिल पाई है। इस कारण परियोजना का काम लटक गया है। इसी तरह मोहाली-राजपुरा नई लाइन पर भी ब्रेक लग गए हैं। 84 किलोमीटर की नंगल डैम-तलवाड़ा परियोजना के लिए 120 में से सिर्फ 38 हेक्टेयर भूमि का ही अधिग्रहण हो पाया है। 26 किलोमीटर फिरोजपुर-पत्ती परियोजना से बॉर्डर एरिया में व्यापारिक गतिविधियों बढ़ाने व सेना की आवाजाही में मदद मिलनी थी, जिस कारण केंद्र खुद इस परियोजना में रुचि दिखा रहा है।

विज्ञापन


साथ ही इससे ट्रेड हब गुजरात और महाराष्ट्र के लिए भी दूरी कम होनी है। रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव की तरफ से रेल परियोजनाओं को लेकर जारी रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ है। केंद्र सरकार के अनुसार बिना राज्य सरकार की मदद के समय पर इन परियोजनाओं को पूरा नहीं किया जा सकता है।
विज्ञापन


केंद्र के अनुसार पाकिस्तान के साथ लगते अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर के पास फिरोजपुर-पत्ती नई रेल सबसे महत्वपूर्ण परियोजना है, जिसके लिए पंजाब सरकार ने फ्री ऑफ कॉस्ट भूमि देनी थी। फिरोजपुर और तरनतारन में परियोजना के लिए 166 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जाना है। मार्च 2023 में मुआवजा राशि जारी करने के लिए नोटिस जारी किया गया, लेकिन अभी तक इसकी प्रक्रिया पूरी नहीं की जा सकी। इस कारण प्रोजेक्ट पर काम शुरू नहीं हो पा रहा है। इसी तरह धूरी जंक्शन को बाइपास करने वाली अलल-हिमताना के बीच लाइन के लिए भी 20 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण का काम पूरा नहीं हो पाया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

तीन राज्यों के बीच अहम कड़ी नंगल डैम-तलवाड़ा लाइन
नंगल डैम-तलवाड़ा लाइन तीन राज्यों के बीच अहम कड़ी साबित होनी है, जिससे पंजाब सहित हिमाचल और जम्मू तक ट्रेन का संचालन होगा। इससे पर्यटन और व्यापार को बढ़ावा मिलना है, लेकिन इस परियोजना पर भी फिलहाल धीमी गति से काम चल रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2016 में तब की पंजाब व हिमाचल की सरकारों को जमीनी स्तर पर जरूरी सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए थे, ताकि इस परियोजना में आगे और देरी न हो।

मोहाली-राजपुरा प्रोजेक्ट का हो गया था सर्वे 
मोहाली-राजपुरा की नई लाइन का अंतिम सर्वेक्षण का काम भी पूरा हो गया था। इस रूट पर कम लोगों के सफर करने का अनुमान है, इसलिए केंद्र ने पंजाब सरकार से परियोजना की लागत साझी करने और निशुल्क भूमि उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया था। राज्य सरकार की सहमति न होने के कारण इस परियोजना पर ब्रेक लग गई है।

केंद्र ने किया स्पष्ट, परियोजनाएं शीघ्र भूमि अधिग्रहण पर निर्भर
केंद्र ने स्पष्ट किया है कि किसी भी रेलवे परियोजना का पूरी होना विभिन्न कारणों पर निर्भर करता है, जिसमें शीघ्र भूमि अधिग्रहण, कानून-व्यवस्था, वन विभाग से स्वीकृति और भूमि को अतिक्रमण मुक्त करना प्रमुख है।

पंजाब में चल रही हैं ये परियोजनाएं

  • पंजाब में 12 रेल परियोजनाओं पर काम चल रहा, जिसमें 6 नई व 6 डबल लाइन हैं।
  • 19,843 करोड़ की लागत से 1158 किलोमीटर की ये परियोजनाएं हैं।
  • मार्च 2024 तक 255 किलोमीटर लाइन का काम पूरा हो गया। 7590 करोड़ खर्च हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed