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पकोका विरुद्ध सार्वजनिक जत्थेबंदियों के मोर्चे ने नायब तहसीलदार को सौंपा मांगपत्र
Updated Mon, 11 Dec 2017 10:14 PM IST
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नायब तहसीलदार को सौंपा मांगपत्र
अमर उजाला ब्यूरो
तरनतारन।
पकोका विरोधी सार्वजनिक जत्थेबंदियों के संयुक्त मोर्चो सोमवार को डिप्टी कमिश्नर कार्यालय में एकत्रित हुआ। इस दौरान उन्होंने नायब तहसीलदार जगमोहन सिंह को राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, पंजाब के गवर्नर और मुख्यमंत्री के नाम पर मांगपत्र सौंपा।
इस दौरान देहाती मजदूर सभा, जम्हूरी किसान सभा पंजाब, पंजाब मजदूर निर्माण यूनियन, जनवादी स्त्री सभा, आशा वर्कर यूनियन, मिड-डे मील यूनियन पंजाब, पीएसएफ के नेताओं ने मांगपत्र द्वारा मांग की कि काला कानून पकोका के नाम पर जम्हूरियत का हनन किया जा रहा है। लोगों की आवाज को दबाने के लिए कानून के नाम पर पर्चे दर्ज किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अधिकारों की प्राप्ति के लिए किए जाने वाले संघर्ष की आजादी को कुचलने वाले पंजाब और केंद्र सरकार पारित किए कानूनों को वापस लें। यदि सरकार ने जम्हूरियत के अधिकारों का हनन करने वाले कानूनों को वापस न लिया तो उनकी ओर से संघर्ष को और तेज कर दिया जाएगा। इस दौरान बलदेव सिंह, नंबरदार अजीत सिंह ढोटा, हरभजन सिंह और सविंदर सिंह भी मौजूद थे।
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अमर उजाला ब्यूरो
तरनतारन।
पकोका विरोधी सार्वजनिक जत्थेबंदियों के संयुक्त मोर्चो सोमवार को डिप्टी कमिश्नर कार्यालय में एकत्रित हुआ। इस दौरान उन्होंने नायब तहसीलदार जगमोहन सिंह को राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, पंजाब के गवर्नर और मुख्यमंत्री के नाम पर मांगपत्र सौंपा।
इस दौरान देहाती मजदूर सभा, जम्हूरी किसान सभा पंजाब, पंजाब मजदूर निर्माण यूनियन, जनवादी स्त्री सभा, आशा वर्कर यूनियन, मिड-डे मील यूनियन पंजाब, पीएसएफ के नेताओं ने मांगपत्र द्वारा मांग की कि काला कानून पकोका के नाम पर जम्हूरियत का हनन किया जा रहा है। लोगों की आवाज को दबाने के लिए कानून के नाम पर पर्चे दर्ज किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अधिकारों की प्राप्ति के लिए किए जाने वाले संघर्ष की आजादी को कुचलने वाले पंजाब और केंद्र सरकार पारित किए कानूनों को वापस लें। यदि सरकार ने जम्हूरियत के अधिकारों का हनन करने वाले कानूनों को वापस न लिया तो उनकी ओर से संघर्ष को और तेज कर दिया जाएगा। इस दौरान बलदेव सिंह, नंबरदार अजीत सिंह ढोटा, हरभजन सिंह और सविंदर सिंह भी मौजूद थे।
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