{"_id":"65efccf9d1f47c533102b006","slug":"ghazipur-bus-fire-people-kept-shouting-to-save-bus-kept-burning-see-photos-2024-03-12","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Bus Fire: बचाने के लिए चिल्लाते रहे लोग... जलती रही बस, 30 फीट ऊपर तक उठती रहीं लपटें; शवों को देख कांप गए लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bus Fire: बचाने के लिए चिल्लाते रहे लोग... जलती रही बस, 30 फीट ऊपर तक उठती रहीं लपटें; शवों को देख कांप गए लोग
Tue, 12 Mar 2024 11:53 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 12 Mar 2024 11:53 AM IST
विज्ञापन
Ghazipur bus fire
- फोटो : अमर उजाला
गाजीपुर में महाहर धाम के पास बिजली के तार की चपेट में आने से जलती बस में सवार लोग आग लगने के बाद बचाने के लिए चिल्लाते रह गए। बस जलती रही। 30 फीट ऊपर तक लपट से आसपास धुआं फैल गया। चार लोग पूरी तरह से जल गए। शवों की पहचान तक करना मुश्किल था।
Ghazipur Bus Fire News
- फोटो : अमर उजाला
बस के अंदर से पड़े शव जब बाहर निकाले गए तो लोग सहम उठे, क्योंकि पहचाना करना मुश्किल था। शाम साढ़े चार बजे एसपी ग्रामीण बलवंत चौधरी बस में चढ़े और एक-एक सीट को गिनते हुए खंगालने की कोशिश में लगे रहे। वहीं, इसके बाद शाम पांच बजे बस को क्रेन बुलाकर हटाया गया।
Ghazipur Bus Fire News
- फोटो : अमर उजाला
हादसे में उर्मिला (30) पत्नी फूलचन्द निवासी खिरिया जनपद मऊ, निर्मला (37) पत्नी रविन्द्र निवासी खिरिया मऊ, मुरारी (55) पत्नी दुर्गविजय निवासी रानीपुर (पिरुआ) मऊ, जगरनाथ (40) पुत्र रामाश्रय यादव (ड्राइवर) निवासी अकबरपुर रानीपुर मऊ, कालिन्दी (44) पत्नी अच्छे लाल निवासी खिरिया मऊ की मौत हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
Ghazipur Bus Fire News
- फोटो : अमर उजाला
परिजनों को तलाशती रहीं निगाहें
मेरी तीन माह की पुत्री तान्या कहां है, जिसको गोद में लेकर वह बस से कूदी थी। यह वाक्य उस मां के हैं, जो अस्पताल के वार्ड में भर्ती हादसे में झुलसे अंश और आर्यन का उपचार होते देख रही थी। इधर, मर्चरी हाउस में मां की शिनाख्त करने पहुंचा पुत्र फ्रीजर के बॉक्स तक पहुंचते ही बिलख उठा। परिजनों की निगाहें जहां अपनों को तलाशती रही, वहीं वार्ड से लेकर मर्चरी हाउस तक अफरा-तफरी रही। इधर, जिला और पुलिस के साथ मेडिकल कॉलेज प्रशासन अलर्ट मोड पर रहा। झुलसे मरीजों के उपचार के लिए पूरी ताकत झोंक दी।
मेरी तीन माह की पुत्री तान्या कहां है, जिसको गोद में लेकर वह बस से कूदी थी। यह वाक्य उस मां के हैं, जो अस्पताल के वार्ड में भर्ती हादसे में झुलसे अंश और आर्यन का उपचार होते देख रही थी। इधर, मर्चरी हाउस में मां की शिनाख्त करने पहुंचा पुत्र फ्रीजर के बॉक्स तक पहुंचते ही बिलख उठा। परिजनों की निगाहें जहां अपनों को तलाशती रही, वहीं वार्ड से लेकर मर्चरी हाउस तक अफरा-तफरी रही। इधर, जिला और पुलिस के साथ मेडिकल कॉलेज प्रशासन अलर्ट मोड पर रहा। झुलसे मरीजों के उपचार के लिए पूरी ताकत झोंक दी।
विज्ञापन
Ghazipur Bus Fire News
- फोटो : अमर उजाला
मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख और झुलसे लोगों को 50-50 हजार की सहायता
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गाजीपुर हादसे का संज्ञान लिया। उन्होंने शोक संवेदना जताई और आग से झुलसे लोगों का तत्काल इलाज कराने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का एलान किया है। घायलों को 50-50 हजार रुपये मिलेंगे। इस बीच कैबिनेट मंत्री एके सिंह, अनिल राजभर, मंडलायुक्त कौशल राज शर्मा, डीआईजी ओम प्रकाश सिंह भी जिला अस्पताल पहुंचे और झुलसे लोगों का हालचाल पूछा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गाजीपुर हादसे का संज्ञान लिया। उन्होंने शोक संवेदना जताई और आग से झुलसे लोगों का तत्काल इलाज कराने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का एलान किया है। घायलों को 50-50 हजार रुपये मिलेंगे। इस बीच कैबिनेट मंत्री एके सिंह, अनिल राजभर, मंडलायुक्त कौशल राज शर्मा, डीआईजी ओम प्रकाश सिंह भी जिला अस्पताल पहुंचे और झुलसे लोगों का हालचाल पूछा।