अजय की हत्या के बाद पत्नी नीलम का रो-रोकर बुरा हाल है। घर में कोहराम मचा है। दोनों बच्चे भी मां से बार-बार पूछ रहे थे कि मम्मी, पापा को क्या हो गया है? पापा क्यों नहीं उठ रहे हैं? वह हमसे बात क्यों नहीं कर रहे हैं?
तस्वीरें: बच्चों ने रोते हुए कहा- मम्मी! पापा क्यों नहीं उठ रहे, उन्हें क्या हो गया, खौफनाक थी पूरी वारदात
ऐसे हुई सुपरवाइजर की गोली मारकर हत्या
मेरठ के दौराला थाना क्षेत्र के गांव लोइया में एक ट्रांसपोर्ट कंपनी के सुपरवाइजर का शव श्मशान के पास पड़ा मिला। सुपरवाइजर की गोली मारकर हत्या की गई। उसके शरीर पर चोट के निशान भी मिले। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू की।
मूलरूप से आंबेडकरनगर के डढ़रा गांव निवासी अजय कुमार (35) करीब दस साल से दौराला थाने के सामने बंगला कॉलोनी में परिवार के साथ किराये पर रहता था। वह दौराला चीनी मिल के लिए काम करने वाली ट्रांसपोर्ट कंपनी में सुपरवाइजर था। बुधवार सुबह पुलिस को लोइया गांव के जंगल में श्मशान के पास एक युवक का शव पड़े होने की सूचना मिली। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव के पास आईकार्ड और मोबाइल बरामद किया। शव की शनाख्त अजय कुमार के रूप में की। अजय की मौत की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पत्नी नीलम ने थाने पर हत्या के संबंध में तहरीर दी है। पुलिस का कहना है कि तहरीर के आधार पर जांच की जा रही है।
कॉल डिटेल से खुल सकता है राज
पुलिस मौके पर मिले मोबाइल की कॉल डिटेल खंगालने में जुट गई है। पुलिस का कहना है कि आखिरी बार अजय ने किससे बात की, इसको लेकर जानकारी हासिल की जा रही है। मोबाइल के जरिए हत्या का राज खुल सकता है।
परेशान मत होना, मैं जल्दी आ जाऊंगा
पत्नी नीलम के अनुसार, मंगलवार रात करीब साढ़े आठ बजे अजय घर से ट्रक में माल भरवाने के लिए निकला था। पत्नी के पूछने पर अजय ने कहा कि परेशान मत होना, मैं जल्दी आ जाऊंगा। देर रात तक अजय घर नहीं लौटा तो पत्नी ने उसके फोन पर कॉल की। लेकिन फोन स्विच ऑफ बताता रहा।
मारपीट के बाद की गई हत्या
शव देखने से प्रतीत हो रहा है कि हत्यारों ने पहले अजय के साथ मारपीट की होगी। उसके शरीर पर जगह जगह चोट के निशान थे। इसके बाद गोली मारकर हत्या की गई। मौके पर संघर्ष के निशान नहीं दिखे। माना जा रहा है कि हत्या दूसरी जगह करने के बाद शव यहां फेंका गया है।