उत्तर प्रदेश के मेरठ में मुठभेड़ में धरे गए सोतीगंज के कबाड़ी राहुल काला उर्फ इरफान ने साथी पुलिस वालों का काला चिट्ठा खोला है। उसने कई अहम जानकारियों के साथ ही चोरी व लूट के वाहनों को काटने की बात कही। मंगलवार को काला को जेल भेज दिया गया। वहीं, एडीजी राजीव सभरवाल ने ऐसे पुलिसकर्मियों की सूची तलब कर ली है, जिनकी कबाड़ियों से दोस्ती है। इन पुलिसकर्मियों को मेरठ जोन से बाहर किया जाएगा। आगे जानिए कुख्यात ने और क्या-क्या कबूल किया-
अमर उजाला में खबरें छपती रहीं और परतें उधड़ती रहीं, कुख्यात काला ने खोला पुलिस का काला चिट्ठा
सोतीगंज का वांटेड कबाड़ी राहुल काला सोमवार देर रात परतापुर पुलिस के हत्थे चढ़ा था। मुठभेड़ के दौरान काला को पुलिस की गोली लगी थी। इस दौरान परतापुर पुलिस ने राहुल काला से पूछताछ की। इंस्पेक्टर परतापुर आनंद प्रकाश मिश्रा का कहना है कि राहुल काला शातिर अपराधी है। हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, राजस्थान समेत कई राज्यों में उसका नेटवर्क फैला हुआ है। पुलिस वालों से भी उसकी दोस्ती है। मंगलवार को पुलिस ने राहुल काला को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में अस्थायी जेल भेज दिया गया।
बड़ी कार्रवाई की तैयारी
कबाड़ी राहुल काला के साथ मौज-मस्ती कर रहे तीनों पुलिसकर्मियों समेत सोतीगंज से जुड़े 50 पुलिसकर्मियों को मेरठ जोन से दूरदराज के जिलों में ट्रांसफर करने की तैयारी है। एडीजी मेरठ जोन द्वारा इन सभी पुलिसकर्मियों की सूची मांगने के बाद अपराधियों से दोस्ती रखने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करने की तैयारी की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दागी पुलिसकर्मी जोन से तो बाहर होंगे ही, उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी कराई जाएगी। एडीजी और आईजी दागी पुलिसकर्मियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करने जा रहे हैं।
पुलिसकर्मियों के हैं कबाड़ियों से संबंध
पुलिस के अनुसार सोतीगंज के कबाड़ियों से करीब 50 पुलिसकर्मियों के संबंध होने बताए गए, जोकि चोरी व लूट के वाहनों को कटवाने में कबाड़ियों की मदद करते हैं। इसके बदले कबाड़ी पुलिस कर्मियों को मौज मस्ती कराते हैं।
सोतीगंज में चोरी और लूट के वाहनों के कटान पर शिकंजा कसता जा रहा है। जहां सोतीगंज में 105 सीसीटीवी कैमरे लगाए जा चुके हैं तो चिह्नित किए कबाड़ियों की गिरफ्तारी की गई। दो वांटेड कबाड़ियों को तो मुठभेड़ के बाद धरा गया। वाहन चोर, कबाड़ी व पुलिस की तिकड़ी द्वारा सोतीगंज में चोरी और लूट के वाहन काटे जा रहे थे। दिल्ली के डिप्टी कमिश्नर की चोरी हुई फॉर्च्यूनर का सौदा सोतीगंज में कबाड़ी और स्थानीय पुलिसकर्मियों के बीच हुआ था। इसका भांडा हापुड़ पुलिस ने फॉर्च्यूनर बरामद कर फोड़ा था। पुलिसकर्मियों की करतूत पता चलने पर एडीजी और आईजी ने जांच शुरू करा दी थी। अमर उजाला ने अपराधियों और पुलिस के गठजोड़ को तोड़ने के लिए अभियान चलाया। नतीजा यह हुआ कि अधिकारियों ने सोतीगंज पर शिकंजा कसना शुरू किया। सोतीगंज के तीन कबाड़ियों को गिरफ्तार किया तो काफी समय से वांछित चले आ रहे कबाड़ी राहुल काला और जीशान उर्फ पव्वा से पुलिस की मुठभेड़ हो गई, जिसमें दोनों अपराधियों को पुलिस की गोली लगी।