अवनि की मौत के बाद उनका परिवार और गोल्डन टावर सोसाइटी में शोक का माहौल है। जहां पूरा परिवार दिनभर रोता बिलखता रहा वहीं, गोल्डन टावर सोसाइटी के पदाधिकारियों ने निर्णय लिया है कि एक महीने तक सोसाइटी में कोई भी कार्यक्रम आयोजित नहीं किया जाएगा। 26 जनवरी को ध्वजारोहण तो जरूर किया जाएगा लेकिन लड्डू नहीं बांटे जाएंगे और वसंत पंचमी पर डीजे और म्यूजिक नहीं बजेगा।
अवनि आत्महत्या मामला: शोक में डूबी कॉलोनी, एक माह तक नहीं होगा कोई आयोजन, वसंत पंचमी पर नहीं बजेगा डीजे
अवनि तूने यह क्या किया, मैं तो अमेरिका भेजना चाहता था
अवनि को घर में प्यार से लक्की भी कहा जाता था। आसपास के लोग और रिश्तेदार लक्की के नाम से संबोधन करते थे। अवनि के पिता ने बताया कि मैं अपनी बेटी को अमेरिका तक भेजने की बात कह चुका था हालांकि उसने मुझसे कई बार कहा कि पापा अमेरिका में जाऊंगी तो खर्चा बहुत होगा, मैं दिल्ली में रहकर पढ़ाई कर लूंगी। ऐसा दिन भी देखना पड़ेगा, इसकी कभी कल्पना भी नहीं की थी।
सोसाइटी परिवार के साथ
सोसाइटी के अध्यक्ष सुनील गुप्ता, सचिव डॉ. डीके जैन, कोषाध्यक्ष एसके वर्मा, उपाध्यक्ष डॉ. राकेश अग्रवाल ने निर्णय लिया है कि यह हादसा बड़ा हुआ है। ऐसे में पीड़ित परिवार के साथ पूरी सोसाइटी के लोग खड़े है। एक महीने तक कोई भी कार्यक्रम नहीं होगा।
नए साल पर परिवार ने मनाया था जश्न
पूरे परिवार ने सोसाइटी के साथ नए साल का जश्न मनाया था। शायद अवनि के मां-बाप को अवनि के तनाव में होने का पता नहीं था। अपनी सोसाइटी में भी सब की लाडली थी अवनि।
बीटेक करने के बाद देश की सेवा करना चाहती थी अवनि
भले ही पहले अवनि इंटर पास करने के बाद बीटेक की पढ़ाई करती लेकिन वह जेईई मेंस की भी तैयारी कर रही थी। उनका सपना आईएएस बनकर देश की सेवा करने का भी था। पिता से कहती थी मैं एक दिन आईएएस जरूर बनूंगी। आपको मुझ पर नाज होगा। यह मेरा सपना है।