सवर्ण चेतना मंच और कांग्रेसियों ने मुख्यमंत्री पर हिंदू समाज और साधु संतों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने बजरंगबली को दलित कहकर हिंदू समाज और साधु संतों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई है। यूपी के हमीरपुर जिले में सवर्ण चेतना मंच और कांग्रेसियों ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपकर मुख्यमंत्री को हटाने की मांग की है।
सवर्ण चेतना मंच और कांग्रेस के कार्यकताओं ने ज्ञापन में बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्नाथ ने राजस्थान की मालाखेड़ा अलवर की चुनावी सभा में बजरंगबली को दलित कहा था।
उन्होंने कहा कि इससे समाज एवं संत समाज की भावनाओं कोठेस पहुंचाई है। कहा कि किसी भी ग्रंथ में हनुमान को दलित नहीं कहा गया है। कहा कि मुख्यमंत्री को त्याग पत्र देकर माफी मांगनी चाहिए।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
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आपको बता दें कि एक सभा को संबोधित करते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ ने बजरंगबली को दलित, वनवासी, गिरवासी और वंचित करार दिया था।
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yogi aadityanath
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इस दौरान सीएम योगी ने कहा था कि बजरंगबली एक ऐसे लोक देवता हैं जो खुद वनवासी हैं, गिर वासी हैं, दलित हैं और वंचित हैं।