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पहिली बार ऊ लड़की का छुट्टी मिली.. जो कहत रही यात्रीगण कृपया ध्यान दें- राजू श्रीवास्तव
Mon, 27 Apr 2020 01:16 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Mon, 27 Apr 2020 01:16 PM IST
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Raju Srivastav
दोस्तों लागत है कि यो साल केवल एक बनियान अउर हाफ पैंट मा ही निकरि जाई!! सब पंचे घरे बईठ हैं.. गली मुहल्लन मा सन्नाटा पसरा आय.. अइसेहे एक बंदर एक कुत्ता से पूछिस ‘यार एतना सन्नाटा काहे है भाई?’.. कुत्ता जवाब दिहिस ‘अरे चाइना वाला चमगादड़ सबका उल्टा लटकाय दिहिस’.. अब ई लॉकडाउन मा सब पंचे घरे बईठे टीवी देखि देखि के ज्ञानी बनि रहें..
राजू श्रीवास्तव
वइसे एक बात तो सिद्ध हुई गे कि रामायण काल सेहे ‘वानर’ सिरिफ पुरुष होत हैं.. महिलाएं नाहीं.. अच्छा हमरे मोहल्ले किदवई नगर मा काफी लोगन की हालत लक्ष्मण के जईस ‘अर्ध मूर्छित अवस्था’ जईस हुई गई है.. अब कोऊ हनुमानजी जईस मित्र पान मसाला..चुनही.. मदिरा स्वरुप जड़ी बूटी ढूंढ के लाय दे तो उनका होस आय.. हमका तो लगत है कि अइसेहे चलत रहा तो लॉकडाउन के बाद जब लड़िका बड़ी बड़ी दाढी के साथ घर से निकरि हैं तो उनकी गली के कुत्ते कहि हैं..
राजू श्रीवास्तव
‘भईया रामायण देखत देखत वनवास का निकरि गये रहेव का?? वइसे लॉकडाउन अउर रामायण के ई दौर मा एक नई चौपाई मारकिट मा आयी है.. जो बहुत फायदेकारक अउर स्वास्थ्य वर्धक आय.. बाहर निकल भ्रमण जिन कीन्हां। खाकी-गण दारुन दुख दीन्हां॥ लंब डंड से होत ठुकाई।.. करहु नियंत्रण मन पर भाई॥ लॉक डाउन रहहु गृह माहीं।.. भ्रमण फिज़ूल करहु तुम नाहीं बोलो सियावर रामचन्द्र की जय॥ वइसे हमरे कानपूर वाले बहुतै परम चिरैंध आंय..
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Raju Srivastav
ई लॉकडाउन मा बाहर निकले से बाज नाही आय रहैं.. अरे ई तो फिर भी कोरोना आय.. अगर यमराज खुद आ जाएं तभों ई लोगे उनका देखे बाहर निकरि हैं कि.. वइसे ई लॉकडाउन मा एक लड़की बहुत खुस आय.. काहे से पहिली बार ऊ लड़की का छुट्टी मिली आय.. अरे जो हमेसा रेलवे इस्टेसन पे चिल्लावत रही.. यात्रीगण कृपया ध्यान दें.. अउर ई लॉकडाउन मा हमका एक बात समझ मा आई कि पूरी दुनियां मा आलू से जादा वफादार कौनो सब्ज़ी नाही आय.. बाकी सब सब्जी दुई तीन दिना मा चल बसत हैं..
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राजू श्रीवास्तव
खाली ई आलू आय जो लम्बा साथ देत है.. अब ई लॉकडाउन मा किराने केर दुकाने तो खुली भयी हैं.. तो कल हम आपन मोहल्ले के परचून वाले के हिंया सौदा ले गए तो उई दुकानदार बहुत खुस रहा.. हम कहा का भा बे.. तो कहे लाग अरे राजू भईया आज हमार बरसों बरस केर बदला पूरा हुई गा.. हम कहा कइसे मे.. तो उई कहिस अरे आज हमरी दूकान पे SBI बैंक का मनीजर किराना लेन आवा रहै.. हमहूं ओका कहि दिया.. जाओ बाद मा आयेव.. अभीन हमरा लंच टाइम है..