चित्रकूट जिले के शिवरामपुर कस्बे में सांड से टकराकर जान गंवाने वाले दंपती का शनिवार की शाम को गमगीन माहौल में गांव में अंतिम संस्कार हुआ। परिजनों ने बताया कि शुक्रवार की रात को ननिहाल से जाते समय गोलू के मामा आदि ने कई बार रात यहीं गुजारने के लिए कहा था।
'काल बना सांड': मासूम के सामने पड़े थे लहूलुहान मां-बाप, मामा बोला- हंसी खुशी किया था विदा...दुनिया ही छोड़ दी
मासूम की नजरों के सामने पड़े थे लहूलुहान मां-बाप
बाइक से टक्कर इतनी जोरदार थी कि सांड की भी मौत हो गई। मां की गोद से उछलकर सड़क किनारे मिटटी में जा गिरे दो साल के गोलू की जान बच गई, लेकिन वह मासूम नजरों से अपने सामने माता पिता को लहूलुहान पड़ा देखता रहा। अस्पताल में मां के शव से लिपट कर रोता रहा।
सतना में चल रहा है इलाज
उसके माथे पर चोट आई, जिसका इलाज किया गया। इसके बाद परिजन उसका इलाज कराने के लिए सतना अस्पताल ले गए हैं। घटना से परिवार में कोहराम मचा है। शनिवार को पोस्टमार्टम हाउस में मृतक के चचेरे भाई राफल ने बताया कि विजय यादव के पास दो चार पहिया वाहन है।
परिजन बोले- सभी ने किया था मना
इनको चलाकर जीवन यापन करता था। उसके दो पुत्र एक पुत्री है। शुक्रवार को वह बाइक से अपने कर्वी के कसहाई रोड स्थित नाना रामकिशोर के घर आया था। रात को वापसी के लिए पत्नी के मायके भारतपुर जाने लगा तो सभी ने मना किया कि सुबह चले जाना।
बात मान लेते, तो न होता हादसा
सभी ने उनसे खाना खाने की भी जिद की, लेकिन विजय व संगीता नहीं माने। कहा कि रात में ही वह भारतपुर पहुंच जाएंगे। वहां रात रूककर अपने गांव जवारिन निकल जाएंगे। रोते हुए परिजनों ने बताया कि काश विजय संगीता उनकी बात मान लेते तो यह दर्दनाक हादसा न होता।