महंत नरेंद्र गिरि की मौत के मामले में उनके चार करीबियों से एक बार फिर पूछताछ की गई। इन करीबियों में शिष्यों के अलावा एक संत भी शामिल था। लगभग दो घंटे तक सीबीआई अफसरों ने इनसे उस जानकारी के बाबत पूछताछ की, जो उनकी ओर से घटना केबाद पुलिस को दी गई थी।
नरेंद्र गिरि केस : महंत के चार करीबियों से फिर हुई पूछताछ, पुलिस लाइन में बुलाए गए, पूछा कब से परेशान कर रहा था आनंद
साथ ही इस बात की जानकारी महंत ने उन्हें कब दी थी। यह भी पूछा गया कि महंत की ओर से जानकारी दिए जाने के बाद क्या उन्होंनेे अखाड़े या मठ से जुड़े किसी पदाधिकारी को यह बात बताई थी या नहीं। करीब दो घंटे तक पूछताछ के बाद चारों करीबियों को वापस भेज दिया गया। एक दिन पहले मठ से जुड़े तीन शिष्यों व सेवादारों से पूछताछ हुई थी। इन तीनों से भी पहले ही बयान लिए जा चुके थे लेकिन बृहस्पतिवार को उनसे फिर पूछताछ की गई।
महंत की मौत मामले में गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों की कस्टडी रिमांड को चार दिन बीत चुके हैं। शनिवार को कस्टडी रिमांड का पांचवां दिन होगा। माना जा रहा है कि सीबीआई की टीम शुक्रवार को एक बार फिर बाघंबरी मठ जा सकती है। जहां न सिर्फ कमरे का बल्कि महंत से जुड़ी हर एक चीज का दोबारा मुआयना किया जा सकता है।
महंत के दो बकाएदार भी जांच के दायरे में
अखाड़ा परिषद अध्यक्ष नरेंद्र गिरि की मौत मामले में सीबीआई के रडार पर महंत के दो बकायेदार भी हैं। यह वे बकायेदार हैं. जिनका नाम मौके से बरामद सुसाइड नोट में लिखे थ। इसमें से एक आदित्य मिश्रा है, जबकि दूसरा प्रॉपर्टी डीलर शैलेंद्र सिंह सेंगर है। सीबीआई की टीम इनसे पूछताछ कर सकती है कि आखिर उनका महंत से किस तरह का लेनदेन था। साथ ही जिन रुपयों के बारे में सुसाइड नोट में जिक्र किया गया है, वह उन्हें महंत ने क्यों दिए थे।
प्रकरण में सीबीआई की टीम उन लोगों से पूछताछ में जुटी है जो कहीं न कहीं महंत या फिर आनंद गिरि से जुड़े थे। इसी क्रम में सीबीआई की टीम जल्द ही कुछ अन्य लोगों से भी पूछताछ कर सकती है। इसमें सबसे ज्यादा चर्चा उन दो नामों की है जिनका जिक्र महंत के कमरे से बरामद सुसाइड नोट में किया गया है। सुसाइड नोट में यह बात लिखी थी कि आदित्य मिश्रा व शैलेंद्र सिंह सेंगर से 25-25 लाख का बकाया लेना है।