कोरोना के चार और मरीज मिलने के बाद जिले में निगरानी तथा सख्ती बढ़ा दी गई है। लूकरगंज, सैदाबाद पुराना बाजार तथा कोरांव के भलुहा ग्राम पंचायत के करबालपुर मजरे को हाट स्पॉट घोषित कर दिया गया है। इस तरह से जिले में अब छह हाट स्टॉप बन गए हैं। पूरा इलाका सील कर दिया गया है। इनके दायरे में किसी का आना-जाना पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया गया है। इन क्षेत्रों में आवश्यक वस्तुओं की होम डिलेवरी की जाएगी। इसके अलावा एक किमी परिधि में सख्ती बढ़ा दी गई है। हाट स्पॉट के अलावा आसपास के क्षेत्रों में सभी का कोविड-19 टेस्ट भी कराया जाएगा।
प्रयागराज में लूकरगंज, सैदाबाद पुराना बाजार और कोरांव का करबालपुर गांव हाट स्पॉट घोषित
इसके विपरीत लूकरगंज, सैदाबाद व कोरांव में पॉजिटिव पाए गए तीनों व्यक्ति अपने-अपने घरों में रहे। इसके बाद क्वारंटीन कराए गए। डीएम भानु चंद्र गोस्वामी ने बताया कि इसलिए तीनों स्थान हाट स्पॉट घोषित कर दिए गए हैं। इनके परिजनों तथा संपर्क में आए अन्य लोगों को क्वारंटीन कर दिया गया है। संपर्क में आए अन्य लोगों को भी चिह्नित किया जा रहा है। सभी इलाके सीज कर दिए गए हैं। रात में ही सैनिटाइजेशन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई। डीएम ने बताया कि सभी पॉजिटिव इस दौरान किन लोगों के संपर्क में आए हैं। इसकी पूरी जांच कराई जा रही है। संपर्क में आने वाले सभी को क्वारंटीन करने के अलावा कोविड-19 की जांच भी कराई जाएगी।
रेड जोन पर शासन लेगा निर्णय
आठ दिनाें में कोरोना के कुल आठ मरीज के मिलने के बाद जिले के रेड जोन में शामिल होने की भी चर्चा रही। हालांकि, इस पर शासन निर्णय लेगा। प्रशासन के अफसरों देर रात तक इस तरह की घोषणा की जानकारी से इंकार किया। अफसरों का यह जरूर कहना है कि चार नए मरीज सामने आने के बाद लॉकडाउन-2 के बाद ऑरेंज जोन के जिलों को मिलने वाली छूट से प्रयागराज के वंचित होने की आशंका बन गई है। अफसरों का कहना है कि प्रयागराज रेड जोन में शामिल होगा या नहीं यह तो शासन तय करेगा लेकिन मात्र आठ दिनों में आठ मामले सामने आए हैं। ऐसे में खतरा बढ़ गया है। इसे देखते हुए राहत की उम्मीद कम हो गई है।
हर गतिविधि की होगी जांच
लूकरगंज में पॉजिटिव मिले व्यक्ति की हर गतिविधि की जांच कराई जाएगी। यह पेेशे से इंजीनियर हैं तथा एसोसिएशन के साथ सामाजिक गतिविधियों से भी जुड़े रहे हैं। बताया जा रहा है कि उन्हाेंने बिस्किट, पानी, पूड़ी-सब्जी का नियमित वितरण कराया है। ऐसे में हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच कराने का निर्णय लिया गया है। डीएम का कहना है कि चिह्नित लोगों को ही भोजन वितरण की अनुमति है। देखा जाएगा कि इस आदेश के बाद भोजन वितरित कराया है या बाद में। सभी बिंदुओं की जांच कराई जाएगी। उसी के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
चौकसी के बावजूद बाहर से कैसे आ जा रहे रहे लोग, सवाल
जिले की सीमा पर चौकसी के बावजूद बाहर से आने वालों का क्रम लगातार जारी है। खास यह कि सैकड़ों किमी की दूरी वाहनों से पूरी कर ले रहे हैं। इससे कई तरह के सवाल खड़े हो गए हैं।जिले में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या आठ हो गई है। इनमें से बृहस्पतिवार और शुक्रवार को पांच लोग पॉजिटिव पाए गए हैं। खास यह कि सभी पांच मुंबई, नासिक, इंदौर से सैकड़ों किमी की दूरी तय करके यहां पहुंच गए। इन्हें रास्ते में कहीं नहीं रोका गया। हालांकि, इनमें से तीन लोगों को यहां घर पहुंचने से पहले क्वारंटीन कर दिया गया लेकिन दो व्यक्ति अपने घर पहुंचने में सफल रहे। इससे कई तरह के सवाल खड़े हो गए हैं। इन सवालों के बीच आठ मामले सामने आने के बाद जिले की सीमा पर और सुरक्षा बढ़ा दी गई है। दूसरे जिलों से जोड़ने वाली ग्रामीण सड़कों पर भी फोर्स लगा दी गई है। इसके अलावा क्वारंटीन सेंटर की सुरक्षा बढ़ाने के लिए भी निर्देश दिए गए हैं। ताकि, कोेई क्वारंटीन सेंटर से भागने न पाए।