{"_id":"601c2a008ebc3e74aa5a31bd","slug":"weather-forecast-update-today-in-mathura-rain-and-hailstorm-in-mathura","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"मथुरा में बारिश के साथ गिरे ओले, हवाएं चलने से बढ़ी ठंड, फसलों के नुकसान की आशंका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मथुरा में बारिश के साथ गिरे ओले, हवाएं चलने से बढ़ी ठंड, फसलों के नुकसान की आशंका
Fri, 05 Feb 2021 12:07 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Fri, 05 Feb 2021 12:07 AM IST
विज्ञापन
मथुरा में मौसम बदला: हाथ में ओले दिखाते बच्चे
- फोटो : अमर उजाला
मथुरा में गुरुवार की शाम एकाएक मौसम बदल गया। जिले में कई स्थानों पर बारिश होने के साथ ओलावृष्टि भी हुई। करीब आधा घंटे गिरे ओले कांच की गोलियों के बराबर बताए जा रहे हैं। वहीं ठंडी हवाएं चलने से सर्दी और बढ़ गई। ओलावृष्टि से सरसों समेत रबी की फसल को नुकसान होने का अनुमान है।
Trending Videos
मथुरा में गिरे ओले
- फोटो : अमर उजाला
गुरुवार सुबह से ही बादल छाए रहे। शाम लगभग सात बजे अचानक मौसम बदल गया। जनपद के बरसाना में बारिश के बाद ओलावृष्टि हुई। ओलों की बरसात होते ही लोग घरों की ओर दौड़ पड़े। बरसाना के गांव चिकसोली, मानुर, रूपनगर, डभाला, राकोली, रिठौरा, कमई, उंचागांव, गाजीपुर, संकेत आदि गांवों में भी ओले पड़ने से किसानों के चेहरे पर शिकन छा गई।
मथुरा में गिरे ओले
- फोटो : अमर उजाला
मांट में तेज हवा के साथ बारिश और इसके बाद ओले गिरे। चौमुहां में ओले और बारिश हुई। नंदगांव के समीपवर्ती गांव लौहरवारी में ओले गिरे। टैंटीगांव में बूंदाबांदी और बलदेव में हवा चली। वृंदावन, गोवर्धन, राधाकुंड, और मथुरा में बूंदाबांदी के बाद मौसम सर्द हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
मथुरा में गिरे ओले
- फोटो : अमर उजाला
रात भर तेज सर्द हवाओं के बाद सर्दी बढ़ गई। तापमान गिर गया है। पिछले कई दिनों से सुबह और शाम के समय ही सर्दी का अहसास हो रहा था, जबकि दिन में तेज धूप निकलने से गर्मी बढ़ी थी। राया संभागीय कृषि प्रशिक्षण केंद्र के अनुसार अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
विज्ञापन
मथुरा के एक गांव में गिरे ओले
- फोटो : अमर उजाला
2 से 4 फीसदी फसलों को नुकसान
उप कृषि निदेशक धुरेंद्र सिंह ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के कारण कुछ स्थानों पर ओले गिरे हैं। इसका ही प्रभाव है कि एक दिशा में ही ओलावृष्टि हुई है। ओले कभी-कभी एक खेत में गिर जाते हैं तो दूसरे में नहीं। चूंकि बारिश तेज नहीं थी, ओले थे, लिहाजा फसल जमीन पर गिर गई है। सरसों, गेहूं, आलू, जौं आदि फसलों को नुकसान पहुंचा है। जिस फसल में दाना पड़ गया है और जमीन पर गिर गई है तो उसका दाना पतला हो जाएगा। अनुमान है कि 2 से 4 फीसदी फसल हो नुकसान पहुंचा है। इसी तरह का मौसम एक-दो दिन और रह सकता है। किसान सचेत रहें।
उप कृषि निदेशक धुरेंद्र सिंह ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के कारण कुछ स्थानों पर ओले गिरे हैं। इसका ही प्रभाव है कि एक दिशा में ही ओलावृष्टि हुई है। ओले कभी-कभी एक खेत में गिर जाते हैं तो दूसरे में नहीं। चूंकि बारिश तेज नहीं थी, ओले थे, लिहाजा फसल जमीन पर गिर गई है। सरसों, गेहूं, आलू, जौं आदि फसलों को नुकसान पहुंचा है। जिस फसल में दाना पड़ गया है और जमीन पर गिर गई है तो उसका दाना पतला हो जाएगा। अनुमान है कि 2 से 4 फीसदी फसल हो नुकसान पहुंचा है। इसी तरह का मौसम एक-दो दिन और रह सकता है। किसान सचेत रहें।