{"_id":"63bf99559ec84226417c2ae8","slug":"himachal-cabinet-apart-from-close-friends-like-harshvardhan-negi-vikramaditya-was-also-made-a-powerful-mini","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"HP Cabinet Ministers: हर्षवर्द्धन, नेगी जैसे करीबियों के अलावा विक्रमादित्य को भी बनाया ताकतवर मंत्री","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
HP Cabinet Ministers: हर्षवर्द्धन, नेगी जैसे करीबियों के अलावा विक्रमादित्य को भी बनाया ताकतवर मंत्री
सुरेश शांडिल्य, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Thu, 12 Jan 2023 12:34 PM IST
सार
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने उन्हें अपनी करीबियों हर्षवर्धन चौहान और जगत सिंह नेगी की तर्ज पर तवज्जो देकर ताकतवर मंत्री बना दिया है। जानकारों के अनुसार हॉलीलॉज को पोर्टफोलिया में अधिमान देकर मुख्यमंत्री ने सियासी संतुलन साधा है।
विज्ञापन
1 of 5
कैबिनेट मंत्री जगत सिंह नेगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
हिमाचल प्रदेश की सुखविंद्र सिंह सुक्खू सरकार के मंत्रियों में विभागों के आवंटन में युवा कैबिनेट मंत्री विक्रमादित्य सिंह भी हैवीवेट बनकर सामने आए हैं। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने उन्हें अपनी करीबियों हर्षवर्धन चौहान और जगत सिंह नेगी की तर्ज पर तवज्जो देकर ताकतवर मंत्री बना दिया है। जानकारों के अनुसार हॉलीलॉज को पोर्टफोलिया में अधिमान देकर मुख्यमंत्री ने सियासी संतुलन साधा है। मंत्रिमंडल में अनुभव और वरिष्ठता के हिसाब से विक्रमादित्य सबसे कनिष्ठ मंत्री हैं, मगर उनके पास महत्वपूर्ण विभाग लोक निर्माण दिया गया, जो पिछली सरकारों में मुख्यमंत्रियों के पास ही रहा है। सुक्खू ने चार दिन ने मैराथनी मंथन कर विभागों के आवंटन का यह बहुप्रतीक्षित निर्णय लिया। उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री के पास भी अन्य मंत्रियों के बराबर तीन महकमे ही रखे गए हैं। उप मुख्यमंत्री के पास जलशक्ति, परिवहन और भाषा एवं संस्कृति विभाग पूर्ववत जारी रखे गए हैं, ये एक महीने पहले ही दे दिए गए थे।
2 of 5
कैबिनेट मंत्री हर्षवर्द्धन चौहान
माना जा रहा था कि वीरभद्र सरकार की तरह उन्हें सूचना एवं जनसंपर्क और उद्योग जैसे महकमे दिए जा सकते हैं। ऐसा न कर सीएम सुक्खू ने उद्योग जैसे प्रभावशाली महकमे को हर्षवर्द्धन चौहान को दिया है। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग अपने पास रखा है, साथ में सीपीएस संजय अवस्थी को अटैच किया है। सुक्खू के करीबी हर्षवर्द्धन संसदीय कार्य मंत्री भी होंगे। वह छह बार विधायक रह चुके हैं और सदन के लंबे अनुभव को देखते हुए उन्हें यह कार्यभार दिया गया है। पूर्व में वीरभद्र खेमे में रहे और अब सबसे वरिष्ठ मंत्री चंद्र कुमार के पास कृषि और पशुपालन विभाग ही रहेंगे। जबकि, दूसरे वरिष्ठ मंत्री धनीराम शांडिल को स्वास्थ्य जैसा अहम विभाग दिया गया है।
3 of 5
कैबिनेट मंत्री रोहित ठाकुर
- फोटो : अमर उजाला
जगत नेगी को राजस्व, बागवानी और जनजातीय विकास विभाग दिए गए हैं। चूंकि उनका हलका किन्नौर बागवानी बेल्ट है तो उन्हें अधिमान दिया गया है। यह भी माना जाना लगा था कि यह महकमा बागवानी बहुल हलके के मंत्री रोहित को दिया जाएगा। रोहित को शिक्षा और तकनीकी शिक्षा विभाग देकर चौंकाया गया है। सूत्रों के अनुसार रोहित खुद ही बागवानी विभाग में ज्यादा रुचि नहीं ले रहे थे। अनिरुद्ध जिला परिषद से चुनाव लड़कर इसी रास्ते विधायक बने हैं, उन्हें ग्रामीण विकास और पंचायती राज जैसे संबंधित विभाग ही दिए गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 5
कैबिनेट मंत्री विक्रमादित्य सिंह
- फोटो : अमर उजाला
महकमों के बंटवारे में भी हुई कांगड़ा की अनदेखी
प्रदेश सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार में अनदेखी का दंश झेल रहे जिला कांगड़ा को विभागों के बंटवारे में भी मायूसी ही हाथ लगी है। जिला कांगड़ा से एकमात्र मंत्री चौधरी चंद्र कुमार को कृषि और पशुपालन विभाग से ही संतोष करना पड़ा है। जिला शिमला से मंत्री विक्रमादित्य सिंह को मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण विभाग और रोहित ठाकुर को शिक्षा विभाग जैसा बड़ा महकमा दिया है। जिला सिरमौर से हर्षवर्धन चौहान और सोलन से धनीराम शांडिल को भी बड़े विभागों की सौगात दी गई है। इन मंत्रियों के मुकाबले में किसी भी सरकार को प्रदेश की सत्ता तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाने वाले जिला कांगड़ा को महकमों के बंटवारे में भी कम अंक आ गया है।
विज्ञापन
5 of 5
कैबिनेट मंत्री कर्नल धनीराम शांडिल
- फोटो : अमर उजाला
शांडिल के पास रह चुका पहले भी सामाजिक न्याय विभाग
धनीराम शांडिल के पास पिछली वीरभद्र सरकार में भी सामाजिक न्याय एवं आधिकारिता विभाग था, जिसे इस बार भी ज़ारी रखा गया है। उन्हें स्वास्थ्य जैसा अहम महकमा देकर और ताकतवर बनाया गया है। सबसे वरिष्ठ मंत्री चंद्र कुमार के पास वीरभद्र सरकार में 1984 की सरकार से लेकर वन समेत कई अहम महकमे रह चुके हैं, पर उन्हें कृषि और पशुपालन ही दिए गए हैं। सीएम सुक्खू ने अपने पास पिछले मुख्यमंत्रियों की तरह वित्त, सामान्य प्रशासन, गृह, योजना, कार्मिक और अन्य विभाग रखे हैं।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।