शरद उत्सव मनाली 2020 में विंटर क्वीन बनी हिमाचल के मंडी जिला के सरकाघाट की गुंजन सकलानी का सपना मिस विश्व सुंदरी बनना है। अमर उजाला से बात करते हुए गुंजन ने कहा कि सफलता से हमें खुशी मिलती है। इससे हमारी आगे बढ़ने की प्रेरणा कम होती है।
असफलता हमें सफलता के लिए प्रेरित करती है और हम लक्ष्य की ओर मजबूती से बढ़ते हैं। असफलता के बाद सभी को 100 प्रतिशत मेहनत की जरूरत होती है। इससे सफलता जरूर आपके कदम चूमेगी।
विंटर क्वीन प्रतियोगिता के अंतिम दौर में पूछे गए प्रश्न के उत्तर ने गुंजन सकलानी के सिर विंटर क्वीन का ताज सजा दिया। अंतिम दौर में प्रतिभागियों से पूछा गया कि जीवन में सबसे अच्छा शिक्षक कौन है, सफलता या असफलता?। इस पर गुंजन ने जवाब दिया कि असफलता ही सफलता की कुंजी है। असफलता के बाद सफल होने की प्रेरणा मिलती है।
मंडी जिले के सरकाघाट के छोटे गांव सकलाना की रहने वाली गुंजन सकलानी की प्रारंभिक पढ़ाई हाई शिक्षा ऑकलैंड हाउस स्कूल शिमला में हुई है। अभी एपीजे शिमला यूनिवर्सिटी से बी-टैक कर रही हैं। सोशल वर्कर के साथ एक सफल मॉडल बनना सपना है। गुंजन ने कहा कि कोई भी व्यक्ति बुरा नहीं होता, मानसिकता व्यक्ति को बुरा बनाती है।
अगर व्यक्ति मानसिक तौर पर मजबूत होगा तो महिलाओं से दुराचार जैसी घटनाएं नहीं होंगी। महिलाओं को भी आत्मनिर्भर होना जरूरी है। गुंजन अपनी मां संध्या सकलानी को रोल मॉडल मानती है। गुंजन के पिता दिनेश सकलानी कांट्रेक्टर हैं और पूरा परिवार शिमला में ही रहता है।