लखनऊ के मड़ियांव की सीतापुर रोड पर बुधवार आधी रात लखनऊ आ रही कैब अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़े ट्रक के पीछे घुस गई। दर्दनाक हादसे में प्राणि उद्यान के कर्मचारी छोटेलाल (43), उसकी सास सीता देवी (61) और चालक मनीष वैश्य (32) की मौत हो गई। छोटेलाल की पत्नी 38 वर्षीय मंजू को गंभीर चोटें आई हैं। एएसपी ट्रांसगोमती राजेश कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि मंजू को ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है।
सड़क किनारे खड़े ट्रक में घुसी कैब, तीन की सांसें थमीं, शव देख पत्नी और बेटा गश खाकर गिरे
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एएसपी ने बताया कि हादसा सेवा अस्पताल के सामने हुआ। छोटेलाल मूल रूप से सीतापुर के कमलापुर कसमंडा का रहने वाला था और यहां न्यू डालीबाग स्थित जू कॉलोनी में पत्नी के साथ रहता था। बुधवार शाम वह कैब बुक कराकर कसमंडा गया था। उसके साथ रेलवे से सेवानिवृत्त इंदिरानगर निवासी सास सीता देवी भी थीं। रिश्तेदारों और परिचितों से मिलने के बाद रात 11 बजे तीनों लखनऊ को निकले। कैब इंदिरानगर ए ब्लॉक निवासी मनीष चला रहा था। एक बजे के आसपास तेज रफ्तार कैब सीतापुर रोड पर सेवा अस्पताल के सामने सड़क किनारे खड़े ट्रक के पीछे घुस गई।
तेज आवाज से आसपास खडे़ ट्रकों के चालकों और फुटपाथ पर सो रहे लोगों में हड़कंप मच गया। घटनास्थल पर भीड़ जुट गई। सूचना पाकर पुलिस पहुंची। कार में फंसे लोगों को किसी तरह निकालकर अस्पताल भेजा गया, जहां चिकित्सकों ने छोटेलाल और सीता देवी को मृत घोषित कर दिया। मंजू व मनीष को आईसीयू भेजा गया। कुछ देर बाद मनीष ने भी दम तोड़ दिया।
शव देख मनीष की पत्नी-बेटा गश खाकर गिरे
मनीष का शव देखते ही पत्नी प्रिया उर्फ मोनी और बेटा रुद्र गश खाकर गिर पड़े। पिता अनिल व अन्य परिवारीजनों ने दोनों को संभाला। प्रिया ने बताया कि पति देर रात आने की बात कहकर निकले थे। रात करीब 11 बजे सीतापुर से चलने से पहले मनीष ने पत्नी को फोन भी किया था। उसकी मौत से परिवार में कोहराम मचा है। उधर, छोटेलाल और मंजू की कोई संतान नहीं थी।
मंजू को नहीं बताया, मां-पति नहीं रहे
ट्रॉमा सेंटर में भर्ती मंजू की हालत गंभीर बताई जा रही है। अस्पताल पहुंचे परिवारीजनों एक ओर मंजू की देखरेख में लगे रहे तो दूसरी ओर दोनों शवों के पोस्टमार्टम की औपचारिकता में उलझे रहे। देर रात तक मंजू को नहीं बताया गया कि उसके पति और मां की मौत हो चुकी है।
खड़े ट्रकों से अक्सर होते हैं हादसे
इलाकाई लोगों ने बताया कि हादसा ट्रक चालक की लापरवाही से हुआ। बताया कि सीतापुर रोड अत्यंत व्यस्त मार्ग है। इस रूट पर हर वक्त वाहन चलते रहते हैं। मड़ियांव थाने से सीतापुर जनपद की सीमा तक सड़क के दोनों ओर जगह-जगह लंबी दूरी वाले लोडेड ट्रक खड़े रहते हैं। इनकी वजह से अक्सर हादसे होते रहते हैं। इंस्पेक्टर विपिन कुमार सिंह का कहना है कि ट्रक चालक की लापरवाही से दुर्घटना हुई। मृतक के परिवारीजनों की ओर से शिकायत का इंतजार किया जा रहा है।