फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

864 करोड़ रुपये के जेपी सेंटर की लिफ्ट खराब, 18 मंजिल तक सीढ़ियों से पहुंचे मंत्री

Sun, 16 Apr 2017 12:42 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Sun, 16 Apr 2017 12:42 PM IST
विज्ञापन
 irregularities in JPNIC in Lucknow.
आवास राज्य मंत्री सुरेश पासी - फोटो : amar ujala

864 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया जय प्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर का निरीक्षण करने पहुंचे आवास राज्य मंत्री सुरेश पासी को फिर लिफ्ट खराब मिली। इसका नतीजा यह हुआ कि उन्हें 18वीं मंजिल तक सीढ़ियों से जाना पड़ा। वहीं वीसी सत्येंद्र यादव व एलडीए सचिव अरुण कुमार के हौसले तो बीच में ही पस्त पड़ गए और वह आधे रास्ते में ही रुक गए। पांच दिन में दूसरी बार निरीक्षण को पहुंचे मंत्री ने कहा कि जेपीएनआईसी का निर्माण भी घोटाले की नींव पर हुआ है। भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी के चलते प्रोजेक्ट की लागत 700 करोड़ रुपये बढ़ गई। विदेशों से सामान मंगाए गए, लेकिन टेंडर प्रक्रिया में नियमों की जमकर अनदेखी की गई।

 irregularities in JPNIC in Lucknow.

मंत्री ने कहा कि घोटाले में एलडीए ही नहीं बल्कि शासन के आला अधिकारी और पिछली सरकार के लोग शामिल हैं। एक हफ्ते में जांच रिपोर्ट सीएम योगी आदित्यानाथ को सौंपेंगे और तकनीकी जांच की सिफारिश करेंगे। मंत्री शनिवार दोपहर गोमतीनगर स्थित जेपी सेंटर पहुंचे और करीब एक घंटे तक यहां रहे। पांच दिन पहले 11 अप्रैल को भी निरीक्षण के दौरान उन्हें लिफ्ट खराब मिली थी। एलडीए अफसरों ने दो दिन में इसे ठीक कराने का वादा किया था, लेकिन प्राधिकरण अधिकारियों ने इसे ठीक कराना सही नहीं समझा।

 irregularities in JPNIC in Lucknow.

मूल फाइल की गायब, सीएम को गुमराह कर रहे अफसर
जेपीएनआईसी के बजट को 186 करोड़ से बढ़कार 864 तक बढ़ाने वाली मूल फाइल गायब है।  मंत्री सुरेश पासी के मांगने के बाद भी एलडीए के अफसर फाइल दिखा नहीं सके। इससे पहले भी वह कई बार प्रोजेक्ट की मूल फाइल मांग चुके हैं। शनिवार को फिर मंत्री ने जेपीएनआईसी का निरीक्षण किया तो उन्होंने फाइल मांगी तो अफसरों के पास फाइल ही नहीं थी। उन्होंने कहा कि सीएम को दिए प्रजेंटेशन में अफसरों ने 82 फीसदी काम पूरा होने की बात कही थी, यहां तो 50 फीसदी काम भी नहीं पूरा दिख रहा।लाईटिंग,  एसी, लिफ्ट और निर्माण कार्य तक अधूरा है।

विज्ञापन
विज्ञापन
 irregularities in JPNIC in Lucknow.

गर्दन बचाने के लिए रोका बजट
आवास राज्य मंत्री ने एक सवाल केजवाब में कहा कि नई सरकार आने के बाद जेपीएनआईसी का 115 करोड़ का बजट प्रमुख सचिव आवास की ओर से रोका जाना महज दिखावा है। यही अधिकारी पिछली सरकार में खूब बजट जारी कर रहे थे। अब यह नहीं चलेगा, दोषियों पर कार्रवाई होगी।

विज्ञापन
 irregularities in JPNIC in Lucknow.

1.69 करोड़ का इटैलियन सोलर ट्री देख भड़के
जेपीएनआईसी में लगा सोलर ट्री देखकर मंत्री ने उसकी कीमत पूछी तो पता चला कि वह 1.69 करोड़ में इटली से मंगाया गया। वहां लगा लगाए गए लाल पत्थर के बारे में पूछा तो पता चला कि वह वियतनाम से मंगाया गया है। यह जानने के बाद मंत्री ने कहा कि यह सब घोटाले के लिए ही हुआ है। जेपीएनआईसी की 18 मंजिल पर बनाए गए हैलीपैड को लेकर आवास राज्य मंत्री ने कहा कि इसके लिए निर्माण पर सिर्फ पैसा बरबाद किया गया है। यह तो नीचे भी बनाया जा सकता था लेकिन ऐसा नहीं किया गया।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed