{"_id":"5e3512c88ebc3e4b6475e87e","slug":"farrukhabad-hostage-case-accused-subhash-batham-planned-with-his-wife-children-hostage","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"फर्रुखाबाद: आरोपी सुभाष बाथम की पत्नी रूबी ने कहा था-‘ऐसे कैसे छोड़ दें, एक-एक करोड़ के बच्चे हैं’","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फर्रुखाबाद: आरोपी सुभाष बाथम की पत्नी रूबी ने कहा था-‘ऐसे कैसे छोड़ दें, एक-एक करोड़ के बच्चे हैं’
Sat, 01 Feb 2020 11:25 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: शाहरुख खान
Updated Sat, 01 Feb 2020 11:25 AM IST
विज्ञापन
farrukhabad hostage case
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फर्रुखाबाद के मोहम्मदाबाद में बच्चों को बंधक बनाने की योजना में सिरफिरे व्यक्ति की पत्नी रूबी भी शामिल थी। पुलिस के लोगों ने जब छोटे बच्चों को छोड़ने के लिए कहा तो सुभाष बाथम की पत्नी बोली, ऐसे कैसे छोड़ दें... यह तो एक-एक करोड़ के बच्चे हैं। कानपुर रेंज के आईजी मोहित अग्रवाल ने बताया कि 23 बच्चों को अपराधी के चंगुल से सही सलामत बचाना एक बड़ी चुनौती थी। मुख्यमंत्री खुद इसकी मानीटरिंग कर रहे थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का साफ निर्देश था कि किसी भी कीमत पर बच्चों को बगैर एक खरोंच आए बचाना है। मुख्यमंत्री खुद पूरे घटनाक्रम पर नजर रखे हुए थे और आपरेशन पूरा होने तक घटनाक्रम की पल-पल जानकारी ले रहे थे।
छुड़ाए गए बच्चे
- फोटो : अमर उजाला
उन्होंने बताया कि मौके पर पहुंचे पुलिस कर्मियों ने आरोपी से निगोशिएट करने की पूरी कोशिश की। लेकिन वह पुलिस कर्मियों को गाली गलौज देने लगा और कहा कि उसके ऊपर जो मुकदमे दर्ज हैं उससे बरी किया जाए और प्रति बच्चे के हिसाब से एक-एक करोड़ रुपये दिया जाए। घंटों चले इस ड्रामे में एक मोड़ ऐसा भी आया जब अधिकारियों के होश उड़ गए। सुभाष ने घर के अंदर विस्फोट व आग लगाने के लिए तैयारी करनी शुरू कर दी थी। इस सनकी अपराधी के पास न सिर्फ अवैध असलहे थे बल्कि उसने विस्फोटक भी जमा कर रखा था। इतना ही नहीं धमाके को अंजाम देने की योजना के साथ उसने एलपीजी सिलेंडर भी इकट्ठा कर रखे थे।
जांच करती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस और पब्लिक ने मिलकर किया एनकाउंटर
सुभाष को पुलिस उलझाने के लिए समझाती रही कि थोड़ा समय दो। लेकिन सुभाष ने कहा कि उसे कोई बात नहीं करनी है। इस बीच कुछ ग्रामीणों ने देखा कि वह घर के अंदर विस्फोटक रख रहा है और उसने ज्वलनशील पदार्थ फैलाना शुरू कर दिए हैं। अंदर से एक धमाके की आवाज भी आई जिसके बाद लोगों के सब्र का बांध टूट गया। ग्रामीणों व पुलिस कर्मियों ने मकान के पिछले हिस्से का दरवाजा तोड़ा और घर के अंदर घुस गए। डरे सहमे बच्चे घर के अंदर घुप्प अंधेरे में तहखाने के एक कोने में कैद थे।
सुभाष को पुलिस उलझाने के लिए समझाती रही कि थोड़ा समय दो। लेकिन सुभाष ने कहा कि उसे कोई बात नहीं करनी है। इस बीच कुछ ग्रामीणों ने देखा कि वह घर के अंदर विस्फोटक रख रहा है और उसने ज्वलनशील पदार्थ फैलाना शुरू कर दिए हैं। अंदर से एक धमाके की आवाज भी आई जिसके बाद लोगों के सब्र का बांध टूट गया। ग्रामीणों व पुलिस कर्मियों ने मकान के पिछले हिस्से का दरवाजा तोड़ा और घर के अंदर घुस गए। डरे सहमे बच्चे घर के अंदर घुप्प अंधेरे में तहखाने के एक कोने में कैद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
अपहरणकर्ता सुभाष बाथम
- फोटो : अमर उजाला
ऐसे हुई थी सुभाष के इरादों की जानकारी
घटना की जानकारी तब लगी जब बच्चे अपने घर नहीं पहुंचे। ऐसे में एक बच्चे की मां लगभग पौने चार बजे के करीब अपने बच्चे को ढूंढते हुए अपराधी के घर पर पहुंची। जब उसने दरवाजा खटखटाया तब अंदर से आवाज आई कि तुम्हारे ही नहीं सारे बच्चों को बंधक बना लिया है सबको मार कर घर उड़ा दूंगा। बदहवास महिला ने इसकी सूचना ग्रामीणों को दी जिसके तुरंत बाद 112 की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और ग्रामीणों को देखते ही अपराधी ने फायर करना शुरू कर दिया था। मौके पर मौजूद पुलिस के लोगों ने उसे समझाने बुझाने का प्रयास किया तो वह उल्टी-सीधी बातें करता रहा और बीच बीच में फायर भी करता रहा।
घटना की जानकारी तब लगी जब बच्चे अपने घर नहीं पहुंचे। ऐसे में एक बच्चे की मां लगभग पौने चार बजे के करीब अपने बच्चे को ढूंढते हुए अपराधी के घर पर पहुंची। जब उसने दरवाजा खटखटाया तब अंदर से आवाज आई कि तुम्हारे ही नहीं सारे बच्चों को बंधक बना लिया है सबको मार कर घर उड़ा दूंगा। बदहवास महिला ने इसकी सूचना ग्रामीणों को दी जिसके तुरंत बाद 112 की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और ग्रामीणों को देखते ही अपराधी ने फायर करना शुरू कर दिया था। मौके पर मौजूद पुलिस के लोगों ने उसे समझाने बुझाने का प्रयास किया तो वह उल्टी-सीधी बातें करता रहा और बीच बीच में फायर भी करता रहा।
विज्ञापन
cm yogi
- फोटो : amarujala
मुख्यमंत्री ले रहे थे पल-पल की जानकारी
गुरुवार की शाम जैसे ही इस बारे में जानकारी मिली, मुख्यमंत्री ने सभी महत्वपूर्ण बैठकें स्थगित करते हुए क्राइसेस मैनेजमेंट ग्रुप की आपात बैठक बुला ली। बैठक में डीजीपी ओम प्रकाश सिंह, भावी डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी, अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी, एडीजी कानून व्यवस्था पीवी रामाशास्त्री मौजूद थे।
गुरुवार की शाम जैसे ही इस बारे में जानकारी मिली, मुख्यमंत्री ने सभी महत्वपूर्ण बैठकें स्थगित करते हुए क्राइसेस मैनेजमेंट ग्रुप की आपात बैठक बुला ली। बैठक में डीजीपी ओम प्रकाश सिंह, भावी डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी, अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी, एडीजी कानून व्यवस्था पीवी रामाशास्त्री मौजूद थे।