जम्मू-कश्मीर में सुरक्षाबलों ने मल्हूरा पारमिपोरा इलाके में हुई मुठभेड़ में आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के टॉप कमांडर नदीम अबरार को मार गिराया गया है। सोमवार को आतंकी अबरार को गिरफ्तार किया था। जब उससे पूछताछ की गई तो उसने बताया कि जहां वो छिपा हुआ था उस घर में एक एके-47 राइफल रखी हुई है। सुरक्षाबल जब उसे रिकवर करने पहुंचे तो अबरार का एक साथी वहां पहले से ही छिपा हुआ था। उसने सुरक्षाबलों पर फायरिंग कर दी। इस दौरान अबरार को गोली लग गई। वहीं जवाबी कार्रवाई में दूसरे आतंकी को सेना ने मार गिराया।
आतंकी अबरार के खात्मे की कहानी: साजिश के तहत सुरक्षाबलों को ले गया अपने ठिकाने तक, फिर ऐसे हुआ ढेर
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आईजीपी विजय कुमार ने कहा कि कुछ दिनों में आतंकी गतिविधियां बढ़ी हैं। आतंकी निर्दोष और मासूम लोगों को निशाना बना रहे हैं। वो नहीं चाहते कि घाटी में अमन हो। आईएसआई के इशारे पर यहां के स्थानीय युवाओं को सक्रिय किया गया है, जिसके चलते बीते दिनों घाटी में आतंकी घटनाएं बढ़ी हैं।
आईजीपी विजय कुमार ने बताया कि मुठभेड़ स्थल से दो एक-के 47 राइफल बरामद हुई हैं। बताया कि नदीम अबरार लावेपोरा आतंकी हमले में शामिल था। इस हमले में आतंकियों ने सीआरपीएफ के तीन जवानों की हत्या की थी।
नदीम अबरार कई हमलों और हत्याओं में शामिल था। उसका मारा जाना सुरक्षाबलों के लिए बड़ी सफलता है। वहीं, अवंतीपोरा हमले को लेकर आईजी ने कहा कि इसके पीछे आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के दो विदेशी आतंकियों का हाथ है।