जम्मू हवाई अड्डा परिसर(एयरफोर्स के टेक्निकल एरिया) में रविवार (27 जून) रात करीब दो बजे महज पांच मिनट के अंतराल में दो धमाके हुए। इसके बाद पूरे इलाके को सील कर दिया गया। फोरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
जम्मू हवाई अड्डे में धमाके: पी-16 ड्रोन के इस्तेमाल का शक, बहुत कुछ कह रही है बॉर्डर की दूरी
बता दें कि जम्मू वायु सेना स्टेशन के तकनीकी क्षेत्र में रविवार तड़के दो कम तीव्रता वाले विस्फोटों की सूचना मिली। पहले धमाके ने एक इमारत की छत को मामूली नुकसान पहुंचाया, जबकि दूसरा धमाका खुले क्षेत्र में हुआ। किसी भी उपकरण को कोई नुकसान नहीं हुआ। जांच चल रही है। इसके साथ ही जम्मू में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
न्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबकि, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने आज की घटना के बारे में जम्मू में वायु सेना स्टेशन पर वाइस एयर चीफ, एयर मार्शल एचएस अरोड़ा से बात की है। एयर मार्शल विक्रम सिंह स्थिति का जायजा लेने जम्मू पहुंच रहे हैं। ड्रोन विस्फोट में भारतीय वायु सेना के दो कर्मियों को मामूली चोटें आईं हैं।
बता दें कि हवाई मार्ग से एयरपोर्ट से मकवाल बॉर्डर की दूरी करीब पांच किलोमीटर है। इसके साथ यह बात भी सामने आ रही है कि ड्रोन में जीपीएस लगा था। आशंका जताई जा रही है कि इस ड्रोन को सीमा पार से हैंडल किया जा रहा था। हालांकि इसको लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
एनआईए की टीम और एनएसजी कमांडो मौके पर पहुंचे
एनआईए की टीम और एनएसजी कमांडो एयरपोर्ट पहुंचे हैं। घटनास्थल का चप्पा-चप्पा खंगाला जा रहा है। इसके लिए कई विशेष उपकरणों की भी मदद ली जा रही है। एयरपोर्ट में दो धमाकों की घटना से जम्मू में सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी गई है। सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।