आतंकवाद के खात्मे के साथ ही भारतीय सेना कश्मीर की आवाम की मदद के लिए सदैव तैयार रहती है। सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले और सुविधाओं से वंचित बुजुर्गों, बच्चों एवं युवाओं के लिए समय-समय पर कई कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं। जिसका मुख्य उद्देश्य लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना होता है। भारतीय सेना बुनियादी ढांचा विकास, रोजगार के अवसर, सामाजिक उत्थान और बच्चों की शिक्षा के लिए प्रतिबद्ध रहती है। ऐसी ही एक अनूठी पहल के तहत पीर पंजाल ब्रिगेड के तत्वावधान में कोराली (बारामुला) के सीमावर्ती गांव की एक प्रतिभाशाली बच्ची को गोद लिया है।
कश्मीर: चार साल की बच्ची की प्रतिभा ने सेना को बनाया मुरीद, एक पल में बदल गई जिंदगी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Fri, 16 Apr 2021 02:05 AM IST
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