पुराने की विदाई और नए साल के आगमन को लेकर हर साल की तरह इस बार बड़े स्तर पर धूम-धड़ाका और जश्न नहीं मन पाएगा। कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए ही कार्यक्रम आयोजित किए जा सकेंगे। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए अगर कोई आवेदन करता है तो प्रशासन, शर्तों के साथ ही संबंधित संस्था को मंजूरी देगा।
इस शर्त के साथ ही मना पाएंगे नए साल का जश्न, यहां से लेनी होगी अनुमति
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हर साल क्लब से लेकर होटल और रेस्त्रां में 31 दिसंबर की रात और एक जनवरी को सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं। कुछ होटल प्रबंधन दिल्ली, मुंबई से ड्रांस ट्रुप और मशहूर गायक भी बुलाते हैं। मगर इस साल अभी ज्यादातर होटल-रेस्त्रां वाले कशमकश में हैं। हालांकि कुछ ने तैयारियां शुरू कर दी हैं और इसके लिए वे प्रशासन के भी संपर्क में है।
सौ लोग एकत्रित हो सकेंगे
नए साल के जश्न में आयोजित होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों में सौ लोग एकत्रित हो सकेंगे। कार्यक्रम स्थल पर सोशल डिस्टेंसिंग और मॉस्क का इस्तेमाल जरूरी होगा। सैनिटाइजर आदि की भी व्यवस्था होनी चाहिए।
प्रशासन, मनोरंजन कर विभाग से लेनी होगी अनुमति
सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए संबंधित संस्था को जीएसटी विभाग में शामिल हो चुके मनोरंजन कर विभाग और जिला प्रशासन से अनुमति लेनी होगी। अगर शराब परोसने की व्यवस्था करनी है तो आबकारी विभाग से अलग से एक दिन के इसकी अनुमति लेनी पड़ेगी।
फाइनेंस एडीएम राजेश सिंह ने कहा कि नए साल के आगमन पर अगर कोई सांस्कृतिक कार्यक्रम करना चाहता तो उसे कोविड-19 प्रोटोकॉल का पूरी तरह पालन करना होगा। कार्यक्रम में सौ से अधिक लोग एकत्रित नहीं हो सकेंगे। कार्यक्रम स्थल पर सोशल डिस्टेंसिंग और मॉस्क का इस्तेमाल जरूरी होगी। संबंधित विभागों से अनुमति लेना भी जरूरी है। अभी तक किसी संस्था ने कार्यक्रम के लिए आवेदन नहीं किया है। 31 दिसंबर और एक जनवरी दोनों ही दिन सार्वजनिक स्थानों, होटल-रेस्त्रां आदि जगहों की निगरानी होगी।