गुरु गोरखनाथ और सूफी संत हजरत रौशन अली शाह की नगरी गोरखपुर, अब दर्शनीय स्थल के साथ ही शिक्षा-चिकित्सा पयर्टन का भी हब बन चुकी है। यहां स्थित दर्शनीय स्थल और आधुनिक सुविधाएं पूर्वांचल के साथ ही नेपाल के लोगों को भी आकर्षित कर रही हैं।
तस्वीरें: दर्शनीय स्थल ही नहीं, शिक्षा-चिकित्सा पर्यटन का भी हब बना गोरखपुर शहर
एम्स ने बनाया चिकित्सा का केंद्र
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) ने गोरखपुर को आधुनिक चिकित्सा सेवा का केंद्र बना दिया है। यहां जिले के साथ ही आसपास के जिलों के साथ ही बिहार और नेपाल के मरीज भी इलाज के लिए पहुंचते हैं। जिले में आयुष विश्वविद्यालय का शिलान्यास हो चुका है। यहां इलाज शुरू होते ही गोरखपुर चिकित्सा की हर पद्धति के इलाज की सुविधा वाला पूर्वांचल हीं नहीं, प्रदेश का पहला जिला बन जाएगा। आयुष विश्वविद्यालय में आयुर्वेद, यूनानी, प्राकृतिक चिकित्सा, सिद्धा, होम्योपैथी और योग पद्धति से इलाज की सुविधा होगी।
आयुष विश्वविद्यालय के शिलान्यास के साथ गोरखपुर चिकित्सा की हर पद्धति के इलाज सुविधा वाला पूर्वांचल हीं नहीं, प्रदेश का पहला जिला बन गया है। एम्स में जहां आधुनिक एलोपैथी चिकित्सा और सर्जरी की सुविधा उपलब्ध है। वहीं, आयुष विश्वविद्यालय में आयुर्वेद, यूनानी, प्राकृतिक चिकित्सा, सिद्धा, होम्योपैथी और योग पद्धति से इलाज की सुविधा है। महर्षि पांचवें वेद के रूप में प्रसिद्ध आयुर्वेद की शिक्षा के साथ ही ऋषि पतंजलि, वाग्भट्, धनवंतरि जैसे आयुर्वेदाचार्यों की पद्धति से असाध्य बीमारियों का भी इलाज होगा। इन बड़ी चिकित्सा संस्थाओं के साथ बड़े निजी अस्पतालों के कारण गोरखपुर चिकित्सा पर्यटन का हब बन चुका है।
शिक्षा पयर्टन का भी बढ़ रहा दायरा
उच्च स्तरीय अकादमिक शिक्षा देने वाले दीन दयाल उपाध्याय विश्वविद्यालय के कारण गोरखपुर का शिक्षा के क्षेत्र में पहले से ही नाम है। अब मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय ने जिले की ख्याति को और बढ़ा दिया है। यहां तकनीकी शिक्षा के लिए दूर-दूर से विद्यार्थी आने लगे हैं। गुरु गोरक्षनाथ विश्विविद्यालय और आयुष विश्वविद्यालय के शुरू होने के बाद जिला शिक्षा पर्यटन का हब बन जाएगा। आज जहां एमएमएमयूटी में शिक्षा हासिल कर युवा तकनीकी, वैज्ञानिक, आईटी जैसे आधुनिक विषयों के दिग्गज बन रहे हैं, वहीं गुरु गोरक्षनाथ विश्वविद्यलाय में परंपरागत भारतीय संस्कृति आधारित शिक्षा गृहण कर सकेंगे।
वाटर स्पोर्ट्स कांप्लेक्स
हाल ही में तैयार वाटर स्पोर्ट्स कांप्लेक्स राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की जलक्रीड़ा प्रतियोगिता और वाटर एडवेंचर के लिए का केंद्र बन गया है। यहां स्थानीय लोगों के साथ ही आसपास के जिलों और नेपाल के पर्यटक पहुंच रहे हैं।
गोरखपुर पर्यटन अधिकारी रवींद्र मिश्रा ने कहा कि गोरखपुर के अधिकतर पर्यटन स्थलों का सौंदर्यीकरण हो चुका है। पर्यटकों की संख्या भी बढ़ रही है। पर्यटकों को सुविधा देने के लिए होटल वालों से किराए में छूट देने और कोरोना गाइडलाइन का पालन करने की अपील की गई है।