गोरखपुर में तीन दिनों के दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का जनता दरबार रविवार को भी गोरखनाथ मंदिर के हिंदू सेवाश्रम में लगा। इस दौरान सीएम के सामने एक ऐसा अनोखा मामला आया जिसे सुन मुख्यमंत्री योगी भी अपनी हंसी रोक नहीं सके। फरियादी ने जब कहा कि महराज जी मुझे नौकरी दे दीजिए नौकरी नहीं होने के कारण शादी नहीं हो पा रही है। उसकी यह बात सुनते ही वहां मौजूद सभी फरियादी ठहाके लगाने लगे।
जनता दरबार में पहुंचा अनोखा मामला: सीएम योगी से बोला फरियादी, महाराज जी... मुझे चपरासी की नौकरी दे दीजिए, मेरी शादी नहीं हो रही
फरियादी की बात सुनते ही जनता दर्शन में ठहाके लगने लगे। मुख्यमंत्री भी खूब हंसे। वहां मौजूद अधिकारी भी ठहाके लगाने लगे। थोड़ी देर के लिए जनता दरबार का माहौल ही बदल गया। हालांकि इसके बाद सीएम योगी ने फरियादी की समस्या से जुड़ी लिखित शिकायत हाथ में ली, और उसकी समस्या के निस्तारण का भी भरोसा दिलाया।
175 लोगों की सीएम योगी ने सुनी फरियाद
गोरखनाथ मंदिर के हिंदु सेवाश्रम और यात्री निवास में लगे जनता दर्शन में अपनी विभिन्न समस्याओं को लेकर करीब 175 फरियादी पहुंचे। सीएम ने एक-एक कर सबकी समस्या सुनी और उन्हें जल्द कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
इस दौरान पुलिस से संबंधित शिकायतें और अधिकांश जमीनी विवादों के मामले ही सीएम के सामने पहुंचे। इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुबह मंदिर का भ्रमण किया और गुरु गोरक्षनाथ के दर्शन के साथ ही अपने गुरु ब्रह्मलीन महंत अवैद्यनाथ की समाधि पर मत्था टेका। गोरखानाथ मंदिर में पत्रकार वार्ता के बाद सीएम योगी वाराणसी के लिए रवाना हो गए।
पत्रकारों से बातचीत के दौरान सीएम ने विपक्ष पर जमकर हमला बोला। कहा कि गोरखपुर का खाद कारखाना पूर्वी उत्तर प्रदेश के अब तक का सबसे बड़ा निवेश है। उस सपने को साकार होते हुए पूर्वी उत्तर प्रदेश की पांच करोड़ की जनता देख रही है, जिसे पिछली सरकारों ने अपनी नाकामयाबियों के कारण नकार सा दिया था। गोरखपुर में 1990 में फर्टिलाइजर कारपोरेशन ऑफ इंडिया का एक खाद कारखाना था, जो बंद हो गया था।
सीएम ने कहा कि अनेक सरकारें आईं, आश्वासन पर आश्वासन दिए गए लेकिन 26 वर्षों तक उन लोगों ने हमेशा हाथ खड़े कर दिए कि अब यहां पर नए कारखाने की आवश्यकता नहीं है। इसके कारण न केवल अन्नदाता किसान प्रभावित रहे बल्कि सामान्य नागरिकों के जीवन पर भी असर पड़ा। गोरखपुर के विकास और पूर्वी उत्तर प्रदेश के विकास पर प्रभाव पड़ा। रोजगार और नौकरी की संभावनाओं पर विराम लगा। अब यह सपना साकार हो चुका है। प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2016 में गोरखपुर के खाद कारखाने का शिलान्यास किया और एक समय सीमा के अंदर यह खाद कारखाना बन करके तैयार है। 7 दिसंबर को प्रधानमंत्री मोदी के कर कमलों से एक भव्य समारोह के साथ इसका उद्घाटन होगा।