बुखार से सरकारी अस्पताल में भर्ती बैड के मुकाबले मरीजों की संख्या दोगुनी होने के चलते बेड न मिलने से रविवार को उल्टी-दस्त से पीड़ित बच्ची संजना को उसकी मां द्वारा ओपीडी के बाहर बरामदे में ही लेटा दिया गया।
वार्ड में नहीं मिली जगह तो बरामदे में लिटाया, नहीं हुआ इलाज
ब्यूरो/अमर उजाला, गाजियाबाद
Updated Mon, 21 Sep 2015 01:59 PM IST
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वार्ड में नहीं मिली जगह तो बरामदे में लिटाया, नहीं हुआ इलाज
वार्ड में नहीं मिली जगह तो बरामदे में लिटाया, नहीं हुआ इलाज
वार्ड में नहीं मिली जगह तो बरामदे में लिटाया, नहीं हुआ इलाज
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