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Shraddha Murder Case: एक अपराध को छिपाने के लिए आफताब ने बार-बार किया जुर्म, यह सबूत बने गले की फांस
Wed, 16 Nov 2022 04:06 PM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: शाहरुख खान
Updated Wed, 16 Nov 2022 04:06 PM IST
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Shraddha Murder case
- फोटो : अमर उजाला
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दिल्ली में श्रद्धा वाकर हत्याकांड में आए दिन नए खुलासे हो रहे हैं। पुलिस को अभी तक श्रद्धा का सिर और धड़ नहीं मिला है। बाकी बॉडी के 13 टुकड़े मिले हैं। पुलिस को यह भी आशंका है कि जो हड्डियों मिली हैं वह जानवरों की हो सकती हैं। ऐसे में इनकी डीएनए जांच कराई जाएगी। जल्दी ही फोरेंसिक जांच के लिए हड्डियों को भेजा जाएगा। पूरे मामेल में पुलिस को अभी तक कोई सीसीटीवी फुटेज नहीं मिला है। महरौली पुलिस आज फिर से छतरपुर और महरौली के जंगलों में श्रद्धा के शव के टुकड़ों को ढूंढने पहुंची। दोपहर करीबन 12:00 बजे से पुलिस ने तलाशी अभियान चलाया। इस बीच जांच में सामने आया कि आरोपी आफताब अमीन पूनावाला ने जांच के शुरुआती दिनों में दिल्ली और मुंबई की पुलिस को धोखा देने की कोशिश की थी। आफताब ने कई सबूतों को मिटाकर श्रद्धा की हत्या को छिपाने की कोशिश की थी, हालांकि पुलिस ने मामले की सच्चाई तक पहुंचने के लिए डिजिटल सबूतों को ट्रेस किया, जिससे आरोपी पुलिस की पकड़ में आ गया।
श्रद्धा (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
दिल्ली के महरौली में मिली श्रद्धा के मोबाइल की लोकेशन
आफताब ने पुलिस को बताया था कि श्रद्धा 22 मई (श्रद्धा की 18 मई को हत्या कर दी गई थी) को झगड़े के बाद घर से निकली थी। आरोपी ने बताया कि उसने केवल अपना फोन अपने पास रखा था और अपना सामान उसके फ्लैट में छोड़ गई थी। हालांकि, सच्चाई तब सामने आई जब पुलिस ने कपल के फोन कॉल रिकॉर्ड चेक किए और उनकी लोकेशन की जांच की। पुलिस को श्रद्धा के फोन की लोकेशन दिल्ली के महरौली थाना क्षेत्र की निकली, यहीं आफताब रहता था।
आफताब ने पुलिस को बताया था कि श्रद्धा 22 मई (श्रद्धा की 18 मई को हत्या कर दी गई थी) को झगड़े के बाद घर से निकली थी। आरोपी ने बताया कि उसने केवल अपना फोन अपने पास रखा था और अपना सामान उसके फ्लैट में छोड़ गई थी। हालांकि, सच्चाई तब सामने आई जब पुलिस ने कपल के फोन कॉल रिकॉर्ड चेक किए और उनकी लोकेशन की जांच की। पुलिस को श्रद्धा के फोन की लोकेशन दिल्ली के महरौली थाना क्षेत्र की निकली, यहीं आफताब रहता था।
हत्यारोपी आफताब और मृतका श्रद्धा (फाइल फोटो)
- फोटो : सोशल मीडिया
नेट बैंकिंग एप से ट्रांसफर किए पैसे
पुलिस को सबसे बड़ी सफलता बैंक खाते के स्टेटमेंट से मिली। जिसमें 26 मई को श्रद्धा के नेट बैंकिंग अकाउंट ऐप से आफताब के खाते में 54,000 रुपये का लेन-देन दिखाया गया था। यह लोकेशन भी महरौली थाना इलाका की ही आई।
पुलिस को सबसे बड़ी सफलता बैंक खाते के स्टेटमेंट से मिली। जिसमें 26 मई को श्रद्धा के नेट बैंकिंग अकाउंट ऐप से आफताब के खाते में 54,000 रुपये का लेन-देन दिखाया गया था। यह लोकेशन भी महरौली थाना इलाका की ही आई।
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मृतक श्रद्धा का फाइल फोटो और आरोपी आफताब
- फोटो : अमर उजाला
31 मई को श्रद्धा के इंस्टाग्राम अकाउंट से की चैट
श्रद्धा वाकर की 18 मई को हत्या हुई। इसके अलावा 31 मई को श्रद्धा के इंस्टाग्राम अकाउंट से उनकी दोस्त के साथ चैट हुई थी। इसके बाद उसके फोन से उसके दोस्तों से जून-जुलाई तक श्रद्धा बनकर बात की। यही सब आफताब के गले की फांस बने। पुलिस के इस सवाल का जवाब आफताब नहीं दे पाया कि अगर श्रद्धा अपना फोन साथ लेकर गई थी तो उसकी लोकेशन उसके घर से क्यों ट्रेस की जा रही थी? इसी दौरान आफताब ने पुलिस के सामने सच उगल दिया।
श्रद्धा वाकर की 18 मई को हत्या हुई। इसके अलावा 31 मई को श्रद्धा के इंस्टाग्राम अकाउंट से उनकी दोस्त के साथ चैट हुई थी। इसके बाद उसके फोन से उसके दोस्तों से जून-जुलाई तक श्रद्धा बनकर बात की। यही सब आफताब के गले की फांस बने। पुलिस के इस सवाल का जवाब आफताब नहीं दे पाया कि अगर श्रद्धा अपना फोन साथ लेकर गई थी तो उसकी लोकेशन उसके घर से क्यों ट्रेस की जा रही थी? इसी दौरान आफताब ने पुलिस के सामने सच उगल दिया।
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आरोपी आफताब और मृतका श्रद्धा
- फोटो : सोशल मीडिया
मोबाइल बदला, लेकिन नंबर नहीं
आरोपी ने बीबीए समेत कई कोर्स किए हुए हैं और दिमाग से बहुत तेज है। अफताब गुडगांव में नौकरी करता था। श्रद्धा की हत्या करने के बाद आरोपी ने मोबाइल हैंडसेट बदल लिया था, लेकिन नंबर वही था। इससे वह आसानी से पकड़ा गया।
आरोपी ने बीबीए समेत कई कोर्स किए हुए हैं और दिमाग से बहुत तेज है। अफताब गुडगांव में नौकरी करता था। श्रद्धा की हत्या करने के बाद आरोपी ने मोबाइल हैंडसेट बदल लिया था, लेकिन नंबर वही था। इससे वह आसानी से पकड़ा गया।