पलवल के पृथला विधानसभा क्षेत्र के गांव असावटी के बूथ नंबर 88 में फर्जी वोट डालने के कारण रद्द हुआ मतदान रविवार को फिर से कराया गया। मतदान प्रक्रिया के दौरान पुलिस और प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। इस बार फिर से हुए मतदान के दौरान केंद्र के अंदर भी किसी राजनीतिक दल के एजेंट को बैठने नहीं दिया गया। राजनीतिक दलों के एजेंट भी बाहर ही रहे तथा मतदाताओं के अलावा केंद्र के अंदर किसी को जाने की इजाजत नहीं थी। यहां तक की इस बार मीडिया को भी अंदर मतदान वाले कक्ष में फोटो खींचने तक की इजाजत नहीं दी गई।
पलवल के जिस बूथ की हुई थी कैप्चरिंग, वहां सुरक्षा घेरे में हुई दोबारा वोटिंग, मतदाताओं में दिखा जोश
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उपायुक्त और जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. मनीराम शर्मा और जिला पुलिस कप्तान नरेंद्र बिजरानिया ने भी मतदान के दौरान कई बार केंद्र पर जाकर निरीक्षण किया तथा सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। बूथ नंबर 88 पर कुल 1271 वोट हैं। मतदान केंद्र पर कुल 834 लोगों ने मतदान किया। मतदान के दौरान पूरी तरह से शांति बनी रही, केवल एक बार कांग्रेस प्रत्याशी अवतार सिंह भड़ाना के मतदान केंद्र पर पहुंचने पर मीडिया से बातचीत में भाजपा पर तानाशाही के आरोप लगाने पर कुछ लोगों ने भाजपा व मोदी-मोदी के नारे लगाने शुरू कर दिए। यह देख पुलिस अधिकारियों व एसडीएम ने लोगों को समझाकर शांत कराया। उसके बाद भी दूर जाकर लोग मोदी-मोदी के नारे लगाते रहे तथा अवतार भड़ाना के वहां से जाने के बाद ही लोग शांत हुए।
आसपास लगाई गई थी धारा 144
असावटी में बूथ नंबर 88 पर पुन: मतदान शांति और निष्पक्षता से कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मतदान केंद्र के आसपास धारा 144 लगाई हुई थी तथा केंद्र से 200 मीटर की दूरी के अंदर किसी भी व्यक्ति को जाने की इजाजत नहीं थी। केवल मतदाताओं को ही उनके पहचान पत्र और मतदाता पर्ची देखकर अंदर जाने दिया जा रहा था। मतदान केंद्र पर सुरक्षा में करीब 90 सुरक्षा कर्मी तैनात थे। इनमें जिला पुलिस के जवानों के अलावा सीआरपीएफ के जवान भी तैनात थे। फिर से कराए जा रहे मतदान के दौरान किसी तरह का विवाद न हो इसके लिए डीएसपी व एसडीएम भी स्वयं मौके पर थे। पुलिस द्वारा गांव में तथा आसपास नाके लगाए हुए थे। वाहनों की भी पुलिस द्वारा गहनता से जांच की जा रही थी। सुरक्षा को लेकर महिलाओं व बुुजुर्गों की भी तलाशी ली गई।
फरीदाबाद जिला उपायुक्त भी पहुंचे मतदान केंद्र पर
जिला निर्वाचन अधिकारी व पलवल के उपायुक्त डॉ. मनीराम शर्मा के अलावा फरीदाबाद के नवनियुक्त जिला उपायुक्त अशोक गर्ग, पलवल के पुलिस कप्तान नरेंद्र बिजरानिया, एसडीएम पलवल जितेंद्र कुमार, डीएसपी हितेश यादव स्वयं मतदान प्रक्रिया पर नजर रखे हुए थे। समय-समय पर मतदान केंद्र के बारे में जानकारी लेते रहे। नायब तहसीलदार प्रेम प्रकाश तथा पृथला की खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी पूजा शर्मा बतौर ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त की गई थीं।
निर्दलीय प्रत्याशियों को नहीं जाने दिया अंदर
मतदान के दौरान कई निर्दलीय प्रत्याशियों ने जब मतदान वाले कक्ष के अंदर जाने का प्रयास किया तो पुलिस ने उन्हें भी अंदर जाने से रोक दिया। बुजुर्गों व दिव्यांगों के साथ भी केवल एक व्यक्ति को अंदर जाने की इजाजत थी। निर्दलीय प्रत्याशियों ने इस बात का विरोध भी किया लेकिन चुनाव निष्पक्षता और शांति से कराने की बात कह पुलिस व प्रशासन ने उन्हें रोक दिया। इतना ही नहीं किसी को भी असावटी में मतदान के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए आगजनी वाले पदार्थ, तलवार, चाकू, जेली, बरछा, भाला आदि तक ले जाने की इजाजत नहीं थी।