परिवार वालों ने बताया कि इसरार अपने परिवार के साथ कई साल तक सऊदी अरब में रहा। वहां पर उसका घड़ी का कारोबार था। 2018 में वह परिवार के साथ जाफराबाद आ गया और मुंबई में जींस का कारोबार शुरू कर दिया था। कुछ दिनों तक सब कुछ ठीक रहा लेकिन कोरोना महामारी के दौरान उसे कारोबार में घाटा होने लगा। वह इस बात को लेकर परेशान रहने लगा। लेकिन परिवार के अन्य सदस्यों से उसने कभी इस बात का जिक्र नहीं किया। परिवार वालों ने बताया कि फरहीन का मायका चांदनी चौक में है। बृहस्पतिवार को फरहीन की भांजी का जन्मदिन था। फरहीन अपनी बड़ी बेटी व छोटे बेटे को लेकर वहां गई थी। जबकि इसरार अपने दो बच्चों के साथ घर पर ही मौजूद था। रात करीब 12 बजे फरहीन घर आई। उसके बाद देर रात करीब दो बजे सो गए।
Jafarabad Murder: एक-एक कर एक कमरे में चली चार गोलियां, लेकिन आवाज किसी ने नहीं सुनी; परिवार वाले बोले- गहरी नींद में थे
बहनों के साथ सोया था, दोपहर में पिता के कमरे में मिली दोनों बहन
इसरार के बेटे ने बताया कि वह रात में अपनी बहनों के साथ कमरे में सोया था। लेकिन दोपहर में जब उसकी नींद खुली तो वह अपने पिता के कमरे में आया। उसकी नजर फर्श पर पड़ी अपनी बहनों पर पड़ी। उनके सिर के आस पास खून बिखरा था। उसके बाद उसने बिस्तर पर अपने माता-पिता को भी अचेत देखा। बिस्तर पर भी खून फैला था। वह काफी डर गया और वह भागकर अपने चाचा को घटना की जानकारी दी।
जब तक वीडियो नहीं मिला मौत को लेकर बना रहा संशय
घटना की जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस तीसरी मंजिल के उस कमरे में पहुंची जहां इसरार, उसकी पत्नी और दो बेटियों को गोली मारने की जानकारी मिली थी। बिस्तर पर पुलिस को पिस्टल मिला। छानबीन करन के दौरान पुलिस को पता चला कि मकान में आने के लिए एक दरवाजा है। जिसे रात में बंद कर दिया गया था। लेकिन पुलिस को छत का दरवाजा खुला मिला। पुलिस इस आशंका से भी जांच में जुट गई कि कोई हमलावर छत के रास्ते से आकर हत्या की है। लेकिन पुलिस को वहां से कोई साक्ष्य नहीं मिला। उसके बाद पुलिस ने कारोबारी के मोबाइल को खंगाला। जिसमें रात में बनाया गया वीडियो मिला। जिसमें उसने खुदकुशी करने की बात कही है।
गोली की आवाज नहीं सुनने से हैरान हैं सभी
एक एक कर एक कमरे में चार गोलियां चली लेकिन किसी ने गोलियों की आवाज नहीं सुनी। यह कुछ अटपटा सा लग रहा है लेकिन जाफराबाद में हत्या के बाद खुदकुशी के मामले में ऐसा ही हुआ है। इसरार ने पत्नी और दो बेटियों की हत्या करने के बाद खुद को गोली मारी। इस दौरान उसने चार गोलियां चलाई। हैरानी की बात यह है कि इसी इमारत की दूसरी मंजिल पर उसका भाई और पहली मंजिल पर उसके माता पिता रहते हैं। गोली चलने की आवाज किसी ने नहीं सुनी। हालांकि परिवार वालों का कहना है कि इसरार की पत्नी अपने मायके से काफी देर से घर पहुंची थी और परिवार के सभी सदस्य देर रात सोए थे। ऐसे में गहरी नींद होने की वजह से किसी ने गोली चलने की आवाज नहीं सुनी।
पुलिस का कहना है कि इसरार ने हत्या करने से पहले उन लोगों को जहरीला पदार्थ खिलाया था। आशंका है कि उसने कुछ अंतराल के बाद एक एक कर गोली चलाई होगी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की अभी छानबीन जारी है और क्राइम और फोरेंसिक टीम मौके से साक्ष्य इक्कठा कर जांच करने में जुटी है।