एक तरफ जहां जिले के छात्र आईआईटी, आईएएस जैसी सम्मानित परीक्षा पास करके नाम रोशन कर रहे हैं। वहीं बुलंदशहर के छतारी क्षेत्र के गांव रुनसी के तीन युवकों ने जिले को शर्मसार कर दिया है। युवकों ने हरियाणा के गुरुग्राम के मानेसर में एक महिला से गैंगरेप किया और उसकी दुधमुंही नौ माह की बच्ची की हत्या कर दी। पुलिस ने दो आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। महिला ने उसकी शिनाख्त कर दी है। गांववालों ने आरोपियों के लिए फांसी की सजा की मांग की है।
29 मई 2017 की रात मानेसर में अकेली महिला को तीन युवकों ने दबोच लिया था। उसकी नौ माह की बच्ची को छीन लिया। आरोपियों ने मासूम बच्ची की हत्या की धमकी देकर महिला के साथ रेप किया। बच्ची के रोने पर उसकी हत्या कर दी थी। तीनों आरोपी महिला को हत्या की धमकी देकर भाग गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर हैवानों की तलाश शुरू का दी थी।
पीड़िता के बताए हुलिए के आधार पर आरोपियों के स्कैच जारी कराए गए। बुधवार सुबह पुलिस ने छतारी थाना क्षेत्र के गांव रुनसी निवासी योगेंद्र को हरियाणा में गिरफ्तार कर लिया। जबकि, अमित की गिरफ्तारी शाम को गुरुग्राम से हुई। पुलिस के मुताबिक, योगेंद्र और अमित ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। पीड़िता ने योगेंद्र और अमित की शिनाख्त कर दी है। पुलिस अब जयकेश को पकड़ने में जुटी है।
गिरफ्तार योगेंद्र के पिता वेदपाल किसान हैं। उन्होंने योगेंद्र को पढ़ाने का प्रयास किया, लेकिन वह दसवीं से आगे नहीं पढ़ सका। एक माह पहले योगेंद्र को उन्होंने डाट दिया था। इससे नाराज होकर वह गुरुग्राम में रह रहे अपने साथी जैकेस और अमित के पास चला गया। उन्होंने कहा कि बुधवार दोपहर उसकी गिरफ्तारी की सूचना मिली। पुलिस मामले की निष्पक्ष जांच करे। उन्होंने दिल पर पत्थर रखते हुए कहा कि यदि योगेंद्र दोषी है तो उसे फांसी पर चढ़ा दिया जाए। वह समझ लेंगे कि उनका कोई बेटा नहीं था।
परिजनों से पूछताछ में पता चला कि जयकेश और अमित छह माह से गुरुग्राम में रहते थे। जयकेश दसवीं फेल है। उसके पिता सतपाल सिंह पूर्व प्रधान हैं। जबकि अमित बीएससी कर रहा है। जयकेश और अमित के परिजनों ने उन्हें निर्दोष बताया है। साथ ही पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग की है।