टीम इंडिया की टी-20 और वनडे टीम की कप्तानी छोड़ने वाले पूर्व कप्तान एमएस धोनी पर लगातार प्रतिक्रियाएं आ रही है। अब एक और पूर्व खिलाड़ी ने धोनी पर बयान दिया है।
धोनी से किसी की तुलना करना मुमकिन नहीं है, क्योंकि धोनी ने अपनी कप्तानी में टीम इंडिया को बुलंदियों पर पहुंचाया। उन्होंने अपनी कप्तानी में भारतीय क्रिकेट टीम को टेस्ट में नंबर-1 बनाने के साथ-साथ टी-20 वर्ल्ड कप और वर्ल्ड कप का खिताब भी जिताया।
यह बात सोमवार को शहर में पहुंचे पूर्व आलराउंडर मदन लाल ने कही। लोढ़ा समिति की सिफारिशों को आधार बनाकर बीसीसीआई पर कदम उठाए जाने के सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर उनका मानना है कि देश की उच्चतम अदालत यह सब सुधार की दिशा में कर रही है। इसके लिए तो बदलाव किए जाते ही हैं। उनके अनुसार इसमें कोई शक नहीं कि बीसीसीआई ने भी अच्छा कार्य किया है, जबकि सुप्रीम कोर्ट और भी बेहतर करना चाहता है।
बोर्ड में क्रिकेटरों को तवज्जो दी जानी चाहिए
यह पूछे जाने पर कि अगर सुप्रीम कोर्ट सुधार के लिए कार्य कर रही है तो फिर बीसीसीआई ने सिफारिशों को लागू करने की दिशा में इतनी देर क्यों की। इस पर मदन लाल का कहना था कि ये बातें सर्वोच्च कोर्ट और बीसीसीआई के बीच की हैं। इसमें वह कोई भी राय नहीं दे सकते।
हालांकि उनका कहना है कि वह इस बात से सहमत हैं कि बोर्ड में अधिक से अधिक क्रिकेटरों को तवज्जो दी जानी चाहिए। उनके अनुसार यह सब बीसीसीआई पर निर्भर करता है कि वह सिफारिशों को किस तरह से लागू करती है।