बाबा रामदेव के गुरु आचार्य बलदेव कृष्ण की अनदेखी तस्वीरें देखिए
योगगुरु बाबा रामदेव के गुरु और आर्य समाज के पुरोधा
आचार्य बलदेव नहीं रहे। वे अपने गांव के पहले ग्रेजुएट थे और पिता के नाम
की जगह गुरू का नाम लिखा करते थे। देखिए उनकी अनदेखी तस्वीरें।
बाबा रामदेव के गुरु आचार्य बलदेव कृष्ण की अनदेखी तस्वीरें देखिए
82 वर्षीय आचार्य बलदेव ने रोहतक पीजीआई ने अंतिम सांस ली। सार्वदेशिक आर्य प्रतिनिधि सभा नई दिल्ली के प्रधान आचार्य बलदेव सालभर से बीमार चल रहे थे। उनका इलाज रोहतक पीजीआई में चल रहा था। बुधवार की सुबह वे मठ परिसर में ही सैर कर रहे थे कि ठोकर लगकर गिर पड़े। नाक और मुंह में चोट लगने के कारण उन्हें पीजीआई में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उनका निधन हो गया।
बाबा रामदेव के गुरु आचार्य बलदेव कृष्ण की अनदेखी तस्वीरें देखिए
25 अक्तूबर 1932 को सोनीपत जिले के सरगथल गांव में जन्मे आचार्य बलदेव प्रदेश आर्य समाज में स्वामी ओमानंद के उत्तराधिकारी बने। जाट कॉलेज से एमएससी करने के बाद उन्होंने स्वामी ओमानंद सरस्वती के सानिध्य में गुरुकुल झज्जर और गुरुकुल कालवा में काम किया। वे व्याकरणाचार्य, निरुक्ताचार्य, उपनिषद्, दर्शनाचार्य और आयुर्वेदाचार्य और वेद-वेदांग के ज्ञाता थे। 1962 में गुरुकुल झज्जर में मुख्याध्यापक का पद संभाला।
बाबा रामदेव के गुरु आचार्य बलदेव कृष्ण की अनदेखी तस्वीरें देखिए
देश भर के आर्य समाज में उनका सर्वोच्च स्थान है। आचार्य ने बिजली निगम की सरकारी नौकरी छोड़कर आर्य समाज को नई दिशा प्रदान की। रोहतक के करौंथा में चर्चित रामपाल के खिलाफ हुए आंदोलन के वे सूत्रधार रहे और करौंथा आश्रम को खाली कराने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। 2012 से वे सार्वदेशिक आर्य प्रतिनिधि सभा नई दिल्ली के प्रधान पद पर थे और आर्य प्रतिनिधि सभा हरयाणा, दयानंद मठ, रोहतक में रह रहे थे।
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आर्य प्रतिनिधि सभा, हरियाणा के सभा मंत्री मास्टर रामपाल आर्य ने बताया कि गुरुकुल झज्जर में कशिका और महाभाष्य की पढ़ाई के दौरान उन्होंने कई विद्वान तैयार किए। इसमें स्वामी रामदेव, आचार्य बालकृष्ण हरिद्वार, आचार्य ज्ञानेश्वर, आचार्य आर्यनरेश, आचार्य अखिलेश्वर, स्वामी विवेकानंद प्रभात आश्रम टीकरी, डॉ. रघुवीर वेदालंकार, आचार्य दयानंद कितलाना, स्वामी दिव्यानंद हरिद्वार, स्वामी चंद्रवेश टिटौली, स्वामी प्रणवानंद दिल्ली, डॉ. योगानंद शास्त्री दिल्ली, डॉ. सुरेंद्र कुमार कुलपति गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय हरिद्वार, डॉ. धर्मवीर अजमेर, विरजानंद दैवकरणि, आचार्य विश्वपाल दाधिया, डॉ. यज्ञवीर, स्वामी रामवेश जींद और डॉ. आनंद कुमार गृह मंत्रालय दिल्ली शामिल हैं।