चंडीगढ़ में दूसरे अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर पीएम मोदी ने मंगलवार को लोगों के बीच योग किया। प्रधानमंत्री ने प्रोटोकॉल के अधिकतर आसन किए। इस दौरान उन्होंने प्रार्थना से योगाभ्यास शुरू किया। उसके बाद उन्होंने अर्धचक्रासन, त्रिकोणासन, भद्रासन, वज्रासन, अर्ध उष्ट्रासन, उष्ट्रासन, शशांकासन, उत्तानमंडूकासन, वक्रासन और भुजंगासन सहित दूसरे आसनों का अभ्यास किया। इसके अलावा ध्यान और संकल्प भी लिया।
योग दिवस पर चंडीगढ़ में पीएम मोदी ने कैसे किए आसन, देखिए 10 तस्वीरें
कैपिटल कॉम्प्लेक्स के अलावा शहर के 100 अलग-अलग स्थानों पर पीएम को लाइव देखकर 10 हजार से ज्यादा लोगों ने योग किया। चंडीगढ़ में एक साथ इतने लोगों का योग करना अपने आप में रिकॉर्ड बन गया है। प्रधानमंत्री मोदी सुबह साढ़े 6 बजे कैपिटल कॉम्प्लेक्स पहुंचे। योगाभ्यास के बाद वह लोगों के बीच उनसे मिलने चले गए। करीब 6 मिनट तक लोग उनके साथ सेल्फी खिंचवाते रहे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने योगासन तो किए ही, साथ में योग कर रहे लोगों के बीच जाकर उनके आसनों को भी देखा। दिव्यांग जवानों और बच्चों के साथ उन्होंने हाथ मिलाया और उनकी पीठ थपथपाई।
इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहां बैठकर योग करेंगे, इसको लेकर सब असमंजस में थे। अपने 21 मिनट का संबोधन खत्म करते ही वह स्टेज से नीचे उतरकर पब्लिक के बीच में आ गए। योग प्रोटोकॉल करते लोगों के बीच घूमकर निरीक्षण करने लगे। लोगों के बीच में उनके लिए 25 सीटें खाली छोड़ी गईं थीं। प्रोटोकॉल के दौरान वह इन सीटों पर जा-जाकर बैठते रहे। ध्यान लगाने के बाद जैसे ही प्रतिभागी आंखें खोलते तो पास में प्रधानमंत्री को बैठा देख आश्चर्यचकित रह जाते।
इससे पहले मौसम की परवाह न करते हुए 30 हजार 500 लोग कैपिटल कॉम्प्लेक्स में आयोजित कार्यक्रम में पीएम संग योग करने पहुंचे। इस मौके पर पीएम ने कहा कि जीरो बजट से दुनिया में कहीं भी हेल्थ इंश्योरेंस नहीं मिलता लेकिन योग यह इंश्योरेंस देता है। योग मजहबी नहीं है। यह अमीर-गरीब, विद्वान-अनपढ़ और धर्म-जाति का भेद नहीं है। जहां कहीं भी जगह मिल जाए, वहीं योग कर सकते हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने अपने 21 मिनट के संबोधन में सिर्फ योग की बात की।
उन्होंने योग करने के साथ हर साल किसी एक विषय पर फोकस करने की अपील की। पीएम ने कहा कि अगले अंतरराष्ट्रीय योग दिवस तक पूरे देश को डायबिटीज पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। योग की दुनिया के सभी लोगों की मदद से इस रोग से निपटने का प्रयास करेंगे। साल भर योग की बाकी चीजें तो चलेंगी ही लेकिन यह प्रमुख होगा। भारत में डायबिटीज रोगियों की संख्या बढ़ रही है। योग से इसे कंट्रोल जरूर किया जा सकता है।