मेयर बोलीं, वे मुकेश से बात करती रही, ताकि बेहोश न हो जाएं?
खरड़ मोरिंडा रोड पर दो कारों के बीच टक्कर में निगम के चीफ इंजीनियर मुकेश आनंद, एक्सईएन समेत 7 लोग घायल हो गए। मेयर ने बताया, हादसे का लाइव।
मेयर बोलीं, वे मुकेश से बात करती रही, ताकि बेहोश न हो जाएं?
मेरी गाड़ी चीफ इंजीनियर मुकेश आनंद की गाड़ी के पीछे कुछ दूरी पर ही थी। सलाहकार विजय देव और वित्त सचिव सरबजीत एक ही गाड़ी में झंडपुरा जाने वाली सड़क पर सबसे आगे थे। जब मैं गांव घडूंआंके पास पहुंची तो मेरे चालक प्रवीण ने बताया कि आगे जाम है। मुझे लगा कि मैं समय पर नहीं पहुंच पाऊंगी। चंद मिनटों बाद ही मेरे सुरक्षाकर्मी ने बताया कि गंभीर हादसा हुआ है और कुछ युवक सड़क पर घायल होकर गिरे पड़े हैं।
मेयर बोलीं, वे मुकेश से बात करती रही, ताकि बेहोश न हो जाएं?
मैं तुरंत गाड़ी से निकलकर स्पॉट पर पहुंची। एक युवक को उठाकर पुलिस की पायलट जिप्सी में डाला मगर तब तक भी मुझे अंदाजा नहीं था कि चीफ इंजीनियर की गाड़ी की टक्कर युवकों की जेन कार से हुई है। युवक को पुलिस की गाड़ी में डालने के बाद मेरी नजर चीफ इंजीनियर मुकेश आनंद पर पड़ी। मुकेश आनंद के सिर से काफी खून निकल रहा था। मैंने अपने चालक और सुरक्षाकर्मी की मदद से उन्हें पायलट गाड़ी में डाला और पीजीआई ले आई।
मेयर बोलीं, वे मुकेश से बात करती रही, ताकि बेहोश न हो जाएं?
मैं पूरे रास्ते चीफ इंजीनियर से बातें करती आई, ताकि वह बेहोश न हों। मैं उन्हें बताती रही कि अब वे पीजीआई जाने के लिए कौन-कौन सी सड़क पर पहुंच गए हैं। मुकेश आनंद के सिर से लगातार खून बह रहा था। पीजीआई पहुंचने के बाद सलाहकार विजय देव और अन्य अधिकारी भी मौके पर आ गए।
मेयर बोलीं, वे मुकेश से बात करती रही, ताकि बेहोश न हो जाएं?
जनस्वास्थ्य विभाग के घायल कार्यकारी अभियंता श्याम लाल और चालक मुरगन को उनका सुरक्षाकर्मी मंदीप पुलिस की दूसरी पायलट जिप्सी में लेकर पीजीआई आया। मुझे यह भी पता चला है कि जिस जेन कार से चीफ इंजीनियर की गाड़ी की टक्कर हुई वह पहले भी किसी और कार को टक्कर मारकर आ रही थी।
- मेयर पूनम शर्मा