...और देखते ही देखते धधकती आग में कूद पड़े किसान
मौसम की मार झेल रहे किसानों की फसल पर अब आग ने कहर बरपाया और देखते ही देखते धधकती आग में कूद पड़े किसान। दरअसल हरियाणा के सिरसा जिले के डबवाली के गांव राजपुरा में आग लगने से करीब 76 एकड़ में खड़ी गेहूं की फसल में आग लग गई। किसानों ने आग को बढ़ने से रोकने और अपनी फसल को बचाने के लिए ये कदम उठाया।
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करीब साढ़े तीन बजे गांव मसीतां-राजपुरा मार्ग पर स्थित ईंट भट्ठा के नजदीक गेहूं के खेत में आग लग गई। जिससे पड़ोस के खेतों में काम कर रहे मजदूरों में भगदड़ मच गई। देखते ही देखते आग गांव लखुआना की ओर बढ़ गई। किसानों ने अपनी फसल को बचाने के लिए पेड़ों की टहनियों से आग बुझाने का प्रयास किया। पानी के टैंकर से बाल्टियां भरकर आग पर उड़ेलनी शुरू कर दी। आग पर काबू नहीं पाया जा सका।
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दमकल केंद्र तथा मार्केट कमेटी डबवाली की गाड़ियां आग बुझाने के लिए मौका पर पहुंची। आग कंट्रोल न होने पर किसानों ने तीसरी गाड़ी की मांग की, लेकिन दमकल केंद्र प्रभारी ने गाड़ी को जाने की इजाजत नहीं दी। करीब चार बजे किसान फायर ब्रिगेड की गाड़ी लेने के लिए डबवाली पहुंच गए। लंबी जद्दोजहद के बाद करीब सवा चार बजे प्रभारी ने गाड़ी को जाने दिया। जैसे ही गाड़ी मौके पर पहुंची तो किसानों का पारा चढ़ गया।
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किसानों ने फायरमैन तथा चालक से हाथापाई करते हुए मारपीट कर डाली। अन्य किसानों ने बीच बचाव करते हुए कर्मचारियों को छुड़वाया। आग लगने के बारे में गांव राजपुरा, लखुआना, गोबिंदगढ़ में मुनादी हुई। सूचना पाकर तीनों गांवों के किसान मौका पर आ गए। चालीस-पचास ट्रैक्टरों के जरिए किसानों ने करीब पंद्रह एकड़ में खड़ी गेहूं की फसल को नष्ट कर दिया। तीन फायर ब्रिगेड गाड़ियों ने आग पर करीब छह बजे काबू पाया। आग लगने का कारणों का पता नहीं चल पाया।
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गांव राजपुरा के किसान चंद्रभान ने बताया कि वह खेत की ओर आ रहा था। इसी दौरान उसे सूचना मिली कि आग तेजी से खेत की ओर बढ़ रही है। उसने तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचित किया। तब तक एक दर्जन से ज्यादा किसानों की फसल जलकर राख हो चुकी थी। किसानों के अनुसार पहले बारिश अब आग की वजह से उनकी फसल जलकर राख हो चुकी है। प्रति एकड़ करीब पच्चीस से तीस हजार रुपये का नुकसान हुआ है। सरकार उनके नुकसान का मुआवजा दे।