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अजब-गजब: वैज्ञानिकों की इस गलती से हुआ था हत्यारिन मधुमक्खियों का जन्म, ले चुकी हैं 400 लोगों की जान

Sat, 19 Mar 2022 08:46 PM IST
धर्मेंद्र सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: धर्मेंद्र सिंह Updated Sat, 19 Mar 2022 08:46 PM IST
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killer bees created by scientist in a wrong experiment
हत्यारिन मधुमक्खियों का जन्म - फोटो : Pixabay
मधुमक्खी का नाम सुनते ही लोग डर जाते हैं, क्योंकि उनके काटने के बाद बेहद दर्द होता है। सबसे बड़ी बात यह है कि वह जहां काट लेती हैं उस स्थान पर सूजन आ जाती है। छोटे से दिखने वाले इस जीव से लोग डरते हैं। अगर मधुमक्खी दिख जाती है, तो लोग उससे दूर भागते हैं। इसी कड़ी में हम आपको एक ऐसी मधुमक्खी के बारे में बताते हैं जिसे हत्यारिन मधुमक्खी कहा जाता है। इसका नाम सुनकर ही लोग खौफ खाते हैं। 


इस हत्यारिन मधुमक्खियों के काटने की वजह से अभी तक 400 लोगों की मौत हो चुकी है। मधुमक्खियों के काटने से हुई मौत के मामले रजिस्टर्ड हैं। इसके अलावा इन मधुमक्खियों ने और भी लोगों को अपना शिकार बनाया होगा। इनकी एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है, क्योंकि अमेरिका के बेलीज शहर में ऐसी ही एक मधुमक्खी के काटने से एक महिला की मौत हो गई है। आइए जानते हैं इन हत्यारिन मधुमक्खियों के बारे में...
 
killer bees created by scientist in a wrong experiment
हत्यारिन मधुमक्खियों का जन्म - फोटो : Pixabay

सबसे हैरानी वाली बात यह है कि वैज्ञानिकों के प्रयोग में गलती की वजह से इन मधुमक्खियों का जन्म हुआ है। समय के साथ ही इन मधुमक्खियों की आक्रामकता बढ़ती गई और अमेरिका के दक्षिण और मध्य इलाके में इनकी संख्या अधिक है। 

killer bees created by scientist in a wrong experiment
हत्यारिन मधुमक्खियों का जन्म - फोटो : Pixabay


कैसे हुआ था इन मधुमक्खियों का जन्म?

वैज्ञानिक 1950 के दशक में मधुमक्खियों से शहद का उत्पादन बढ़ाने के बारे में सोच रहे थे। इसके लिए उन्होंने एक नई प्रजाति विकसित करने की तैयारी की और उन्होंने 1957 से इसकी शुरुआत की। ब्राजील की सरकार ने बायोलॉजिस्ट वॉरविक ई. केर (Warwick E. Kerr) को मधुमक्खी विकसित करने को कहा जिससे शहद के उत्पादन को बढ़ाया जा सके। इसके बाद वह यूरोपियन मधुमक्खी को अमेरिका में ले आए और नई प्रजाति विकसित कर दी।

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killer bees created by scientist in a wrong experiment
हत्यारिन मधुमक्खियों का जन्म - फोटो : Pixabay


आईएफएल साइंस की रिपोर्ट में बताया गया है कि वैज्ञानिक मधुमक्खी की नई प्रजाति को अधिक प्रभावी बनाना चाहते थे। इसके लिए उन्होंने अफ्रीकी और यूरोपियन मधुमक्खियों में मेटिंग कराई। यूरोपियन मधुमक्खी में अफ्रीकन जीन्स मिल गया। समस्या तब खड़ी हुई जब यह धीरे-धीरे आक्रामक हो गईं। 

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killer bees created by scientist in a wrong experiment
हत्यारिन मधुमक्खियों का जन्म - फोटो : Pixabay


एक दिन  20 कॉलोनियों से मधुमक्खियां बाहर आ गईं। अमेरिका के दक्षिण और मध्य इलाकों में हजारों मधुमक्खियां फैल गईं। वैज्ञानिकों को लगता था कि यह बाहर की गर्मी बर्दाश्त नहीं कर पाएंगी, लेकिन उनकी सोच पूरी तरह से गलत साबित हुई। समय के साथ ही इनकी संख्या और आक्रामकता बढ़ गई। साल 1980 तक कैलिफोर्निया से लेकर फ्लोरिडा तक फैल चुकी थीं। इनके काटने से कई लोगों की मौत के मामले भी सामने आए। 

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