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Ujjain: श्रावण के अंतिम सोमवार पर महाकाल मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, भस्म आरती में गूंजे जयकारे

Mon, 24 Aug 2026 07:43 AM IST
उज्जैन Published by: उज्जैन ब्यूरो Updated Mon, 24 Aug 2026 07:43 AM IST
सार

श्रावण के अंतिम सोमवार पर उज्जैन के महाकाल मंदिर में हजारों श्रद्धालु भस्म आरती के दर्शन के लिए पहुंचे। रात 2:30 बजे शुरू हुई भस्म आरती में बाबा महाकाल का पंचामृत अभिषेक, विशेष श्रृंगार और भस्म अर्पण किया गया। ढोल-नगाड़ों और जयकारों से मंदिर परिसर शिवमय हो गया। चलित भस्म आरती में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने दर्शन किए।
 

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Ujjain Mahakal Temple Devotees Massive Crowd on Last Sawan Somwar for Bhasma Aarti
बाबा महाकाल की भस्म आरती - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

श्रावण के अंतिम सोमवार पर उज्जैन स्थित बाबा महाकाल के दरबार में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। तड़के से ही मंदिर में हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ जुटी रही। बाबा महाकाल भक्तों को दर्शन देने के लिए रात 2:30 बजे जागे। भस्म आरती के दौरान पूरा महाकाल मंदिर परिसर जय श्री महाकाल के जयकारों से गूंज उठा।
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श्रावण शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि पर होने वाली भस्म आरती की शुरुआत रात करीब 2:30 बजे हुई। मंदिर के पट खोलने से पहले भगवान वीरभद्र से आज्ञा ली गई। इसके बाद गर्भगृह में मौजूद माता पार्वती, भगवान गणेश और कार्तिकेय का विधि-विधान से पूजन किया गया। फिर बाबा महाकाल का पंचामृत और फलों के रस से अभिषेक किया गया। दूध, दही, घी और शक्कर से अभिषेक के साथ बाबा का जलाभिषेक भी हुआ।
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पूजन के दौरान प्रथम घंटाल बजाकर बाबा महाकाल को हरि ओम का जल अर्पित किया गया। इसके बाद पुजारियों और पुरोहितों ने बाबा का विशेष श्रृंगार किया। बाबा महाकाल को दूल्हे के स्वरूप में सजाया गया और कपूर आरती की गई। इस दौरान श्रद्धालु बाबा के अलौकिक स्वरूप के दर्शन कर भावविभोर नजर आए।
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ढोल-नगाड़ों से भक्तिमय हुआ माहौल
श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी पंडित महेश शर्मा ने बताया कि श्रावण के चौथे सोमवार के अवसर पर बाबा महाकाल का विशेष पूजन, अभिषेक और श्रृंगार किया गया। भस्म आरती के दौरान मंदिर में झांझ, मंजीरे और ढोल-नगाड़ों की गूंज सुनाई दी। वहीं, महानिर्वाणी अखाड़े की ओर से बाबा महाकाल को भस्म अर्पित की गई। भस्म अर्पण का दृश्य श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। जैसे ही बाबा महाकाल को भस्म अर्पित की गई, मंदिर परिसर का वातावरण पूरी तरह शिवमय हो गया। श्रद्धालु इस धार्मिक अनुष्ठान को देखकर भावविभोर नजर आए।


चलित भस्म आरती में भी हजारों भक्तों ने किए दर्शन
श्रावण के अंतिम सोमवार पर चलित भस्म आरती में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। बाबा महाकाल की भस्म आरती के दर्शन के लिए भक्त देर रात से ही मंदिर के बाहर कतार में लग गए थे। घंटों इंतजार के बाद जब उन्हें चलित भस्म आरती के जरिए बाबा के दर्शन का अवसर मिला तो उनके चेहरे पर खुशी दिखाई दी। श्रद्धालुओं ने कहा कि भस्म आरती में बाबा महाकाल का स्वरूप बेहद दिव्य और अलौकिक नजर आया। कई भक्तों का कहना था कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि उन्हें इस तरह भस्म आरती के दर्शन करने का अवसर मिलेगा। उन्होंने इसे बाबा महाकाल की कृपा बताया।

श्रावण के अंतिम सोमवार पर उमड़ी भीड़ ने एक बार फिर उज्जैन में बाबा महाकाल के प्रति भक्तों की गहरी आस्था को दिखाया।

 

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