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दिल्ली हिंसा : नोएडा के बाद अब भोपाल में भी शशि थरूर, राजदीप सरदेसाई समेत अन्य लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज

Fri, 29 Jan 2021 01:30 PM IST
Tanuja Yadav न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: Tanuja Yadav Updated Fri, 29 Jan 2021 01:30 PM IST
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In Madhya Pradesh total 4 FIRs are reported against Senior Journalists here you know the reason
शशि थरूर - फोटो : इंस्टाग्राम

गणतंत्र दिवस के दिन हुई हिंसा के मामले नोएडा के बाद अब मध्यप्रदेश के भोपाल के मिसरोद थाने में भी कांग्रेस नेता शशि थरूर, वरिष्ठ पत्रकार राजदीप सरदेसाई और अन्य के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है। इसके अलावा बैतूल जिले के मुल्ताई थाने में भी प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।

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दरअसल, इन सभी लोगों पर सार्वजनिक शांति भंग करने का आरोप लगा है। शिकायत संजय रघुवंशी नाम के किसान ने दर्ज कराई है। किसान रघुवंशी ने पुलिस की शिकायत में कहा है कि इन लोगों दिल्ली हिंसा को लेकर सोशल मीडिया पर गलत तथ्य प्रसारित किए हैं। 
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बता दें कि इससे पहले नोएडा में भी थरूर समेत कई वरिष्ठ पत्रकारों के खिलाफ शिकायत दर्ज की जा चुकी है। नोएडा कमिश्नरेट पुलिस ने भी थरूर,  सरदेसाई, हेराल्ड ग्रुप की वरिष्ठ संपादकीय सलाहकार मृणाल पांडे, कौमी आवाज उर्दू समाचार पत्र के मुख्य संपादक जफर आगा, खान कारवां पत्रिका के मुख्य संपादक परेशनाथ, अनंतनाथ, विनोद के जोश समेत आठ लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
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सेक्टर 74 सुपरटेक केपटाउन निवासी अर्पित मिश्रा ने यह मुकदमा दर्ज कराया है। एडीसीपी रणविजय सिंह ने बताया कि 26 जनवरी को जानबूझकर कराए गए दंगे से देश की सुरक्षा और जनता की जीवन खतरे में हो गया था। अपमानजनक गुमराह करने वाले और उकसाने वाली खबर प्रसारित की और अपने टि्वटर हैंडल से ट्वीट किया।


पुलिस द्वारा आंदोलनकारी एक ट्रैक्टर चालक की हत्या कर दी। आरोप है कि एक सुनियोजित षड्यंत्र के तहत यह गलत जानकारी प्रसारित की गई कि आंदोलनकारी को पुलिस ने गोली मार दी। प्रदर्शनकारियों को भड़काने के उद्देश्य से जानबूझकर गलत और गुमराह करने वाली सूचना को प्रसारण किया गया। इस कारण प्रदर्शनकारी लाल किले के परिसर तक पहुंच गए और वहां धार्मिक व अन्य झंडे लगा दिए, जहां भारत देश का झंडा रहता था।

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