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Bhopal News: हमीदिया अस्पताल में ट्रांसफार्मर तक उठा ले गए चोर, 18 घंटे तक किसी को भनक नहीं, सुरक्षा पर सवाल
Sat, 25 Apr 2026 09:18 AM IST
Sandeep Kumar Tiwari
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
Published by: Sandeep Kumar Tiwari
Updated Sat, 25 Apr 2026 09:18 AM IST
सार
हमीदिया अस्पताल में चोर रेडियोडायग्नोसिस विभाग से ट्रांसफार्मर, कंट्रोल पैनल और अन्य भारी उपकरण चोरी कर ले गए। करीब 18 घंटे तक किसी को इसकी भनक नहीं लगी, जिससे अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े हो गए।
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हमीदिया अस्पताल
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
राजधानी के हमीदिया अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली चोरी की बड़ी वारदात सामने आई है। कड़ी निगरानी वाले परिसर में चोरों ने रेडियोडायग्नोसिस विभाग को निशाना बनाते हुए भारी-भरकम मशीनों के कीमती हिस्से तक उड़ा दिए। हैरानी की बात यह है कि करीब 18 घंटे तक इस पूरी घटना की किसी को भनक तक नहीं लगी।
हाईटेक विभाग को बनाया निशाना
चोरों ने अस्पताल के रेडियोडायग्नोसिस विभाग में सेंध लगाई, जहां एक्स-रे मशीनों और अन्य उपकरणों से जुड़े महंगे और जरूरी पुर्जे रखे थे। यहां से करीब 70-80 किलो का कंट्रोल पैनल और लगभग एक क्विंटल वजनी ट्रांसफॉर्मर चोरी कर लिया गया। इसके अलावा कॉपर वायरिंग, पंखे, एसी का आउटडोर यूनिट और वेटिंग चेयर भी गायब मिले।
बेहद सुनियोजित तरीके से अंजाम दी वारदात
जानकारी के मुताबिक, जिस कमरे में चोरी हुई वहां बिजली सप्लाई चालू थी और मशीनें हाई वोल्टेज पर काम करती हैं। चोरों ने पहले बिजली की सप्लाई बंद की, फिर आराम से मशीनों के हिस्से अलग किए। इससे साफ है कि वारदात को अंजाम देने वाले लोगों को तकनीकी जानकारी थी और उन्होंने पूरी प्लानिंग के साथ काम किया।
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यह भी पढ़ें-सीएम यादव का बड़ा प्रशासनिक संदेश, युवा IAS अफसरों को आदिवासी और चुनौतीपूर्ण जिलों में दी पहली जिम्मेदारी
18 घंटे तक नहीं लगी भनक
15 अप्रैल की दोपहर कर्मचारियों ने काम खत्म कर कक्ष नंबर 8 और 9 को लॉक किया था। उस समय सभी उपकरण सुरक्षित थे। अगले दिन 16 अप्रैल की सुबह जब रेडियोग्राफर इंजीनियर के साथ पहुंचे, तो मेन शटर का ताला टूटा मिला और अंदर से कीमती सामान गायब था। इस तरह करीब 18 घंटे तक इतनी बड़ी चोरी का किसी को पता नहीं चला।
जांच के बाद दर्ज हुआ मामला
घटना की जांच के बाद 21 अप्रैल को कोह-ए-फिजा थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।
यह भी पढ़ें-मध्यप्रदेश में बढ़ी गर्मी, छतरपुर सबसे ज्यादा तप रहा, आज 20 से ज्यादा जिलों में लू की चेतावन
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
- कड़ी सुरक्षा के बावजूद चोर अंदर कैसे पहुंचे?
- इतना भारी सामान बाहर ले जाया गया, फिर भी किसी ने ध्यान क्यों नहीं दिया?
- सीसीटीवी कैमरों में कोई गतिविधि रिकॉर्ड क्यों नहीं हुई?
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हाईटेक विभाग को बनाया निशाना
चोरों ने अस्पताल के रेडियोडायग्नोसिस विभाग में सेंध लगाई, जहां एक्स-रे मशीनों और अन्य उपकरणों से जुड़े महंगे और जरूरी पुर्जे रखे थे। यहां से करीब 70-80 किलो का कंट्रोल पैनल और लगभग एक क्विंटल वजनी ट्रांसफॉर्मर चोरी कर लिया गया। इसके अलावा कॉपर वायरिंग, पंखे, एसी का आउटडोर यूनिट और वेटिंग चेयर भी गायब मिले।
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बेहद सुनियोजित तरीके से अंजाम दी वारदात
जानकारी के मुताबिक, जिस कमरे में चोरी हुई वहां बिजली सप्लाई चालू थी और मशीनें हाई वोल्टेज पर काम करती हैं। चोरों ने पहले बिजली की सप्लाई बंद की, फिर आराम से मशीनों के हिस्से अलग किए। इससे साफ है कि वारदात को अंजाम देने वाले लोगों को तकनीकी जानकारी थी और उन्होंने पूरी प्लानिंग के साथ काम किया।
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18 घंटे तक नहीं लगी भनक
15 अप्रैल की दोपहर कर्मचारियों ने काम खत्म कर कक्ष नंबर 8 और 9 को लॉक किया था। उस समय सभी उपकरण सुरक्षित थे। अगले दिन 16 अप्रैल की सुबह जब रेडियोग्राफर इंजीनियर के साथ पहुंचे, तो मेन शटर का ताला टूटा मिला और अंदर से कीमती सामान गायब था। इस तरह करीब 18 घंटे तक इतनी बड़ी चोरी का किसी को पता नहीं चला।
जांच के बाद दर्ज हुआ मामला
घटना की जांच के बाद 21 अप्रैल को कोह-ए-फिजा थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।
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सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
- कड़ी सुरक्षा के बावजूद चोर अंदर कैसे पहुंचे?
- इतना भारी सामान बाहर ले जाया गया, फिर भी किसी ने ध्यान क्यों नहीं दिया?
- सीसीटीवी कैमरों में कोई गतिविधि रिकॉर्ड क्यों नहीं हुई?
