एमपी के राज्यपाल के नाम पर ठगी करने वाला दबोचा, कई राज्यों के लोगों को बना चुका है शिकार
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उसके पास से 36 हजार रुपये बरामद किए गए हैं। गिरोह यूपी के अलावा झारखंड, बिहार, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली, महाराष्ट्र, केरल और असम के लोगों को भी अपना शिकार बना चुका है। एसटीएफ के अफसरों ने बताया कि इसी वर्ष फरवरी में मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम पर चार विधायकों से लाखों रुपयों की मांग की गई।
इस मामले में सागर के एसपी से शिकायत की गई थी। फरवरी में रंजन ने यूपी राजकीय निर्माण निगम (आरएनएन) के प्रोजेक्ट मैनेजर राजमणि से प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारी के नाम पर परिचित के खाते में 8 लाख रुपये जमा कराए। ठगी के शिकार हुए राजमणि ने सुशांत गोल्फ सिटी थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। इस मामले में एसटीएफ ने मार्च में सुनीत गौतम और गणेश तिवारी को गिरफ्तार किया था।
झारखंड के पूर्व सीएम के नाम पर मंत्री अर्जुन मंडा से जमा कराए 40 लाख
रंजन ने बताया कि 2008 में झारखंड के तत्कालीन मुख्यमंत्री मधुकोड़ा बनकर झारखंड में ही मंत्री अर्जुन मुंडा को कॉल कर 40 लाख रुपये अपने साथी आलोक कुमार निवासी जहानाबाद के खाते में जमा कराए थे। इसका मुकदमा थाना लालपुर जिला रांची में दर्ज है।
2010 में पटना का डीएम बनकर पटना के ही बीडीओ से 40 हजार रुपये फर्जी नाम पते के खाते में जमा कराए। 2011 में बिहार के 10 जिलों के डीएम के नाम पर एडीएम और एसडीएम से 10 लाख रुपये से अधिक जमा कराए थे। इन मामलों में वह गिरफ्तार भी हो चुका है।