{"_id":"5fbfa43d8ebc3e9be3464359","slug":"up-girl-dies-after-eating-food-at-tilak-ceremony-50-sick","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूपी : तिलक समारोह में खाना खाने से बालिका की मौत, 50 बीमार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी : तिलक समारोह में खाना खाने से बालिका की मौत, 50 बीमार
Thu, 26 Nov 2020 06:19 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बाराबंकी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बाराबंकी
Published by: ishwar ashish
Updated Thu, 26 Nov 2020 06:19 PM IST
विज्ञापन
पीड़ितों का इलाज करते डॉक्टर
- फोटो : अमर उजाला
बाराबंकी में रामनगर थाना क्षेत्र के सेमराय गांव में गुरूवार को फूड प्वाइजनिंग से नौ साल की एक बच्ची की मौत हो गई। जबकि गांव के करीब 50 से अधिक लोग बीमार पड़ गए। जानकारी के अनुसार, दो दिन पहले एक आयोजन में खाना खाने के बाद सभी लोग फूड प्वाइजनिंग की चपेट में आए हैं। स्वास्थ विभाग की टीम ने गांव में कैम्प कर बीमार लोगों का उपचार शुरू कर दिया। हलाकि अब सभी की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
सेमराय के ग्राम प्रधान आशीष सिंह के मुताबिक, मंगलवार को गांव के रघुनाथ सिंह के बेटे विनय सिंह का बरक्षा था। इस आयोजन में गांव के ज्यादातर लोग भोजन के लिए आमंत्रित थे। शाम को सभी ने खाना खाया। इसके बाद रात से कुछ लोगों की तबियत बिगड़ने लगी। इस दौरान बुधवार की सुबह से रविन्द्र प्रताप सिंह की बेटी निहारिका सिंह (9) को उल्टी-दस्त की शिकायत पर इलाज के लिए रामनगर के एक निजी क्लीनिक पर ले गए। वहां प्राथमिक उपचार के बाद डिस्चार्ज कर दिया गया। लेकिन हालत में सुधार न होने पर गुरूवार की दोपहर परिवारीजन इलाज के लिए सीएचसी रामनगर ले जा रहे थे। तभी रास्ते में निहारिका की मौत हो गई। इधर, मौत की खबर फैलते ही गांव में हड़कम्प मच गया। ग्राम प्रधान ने सूरतगंज सीएचसी पर फोन कर आयोजन में खाना खाने से बीमार पड़े लोगों की जानकारी दी। गांव पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कैम्प लगा कर करीब 50 से अधिक लोगों का इलाज किया है। गांव में कैम्प कर रहे डॉ. प्रदीप यादव ने बताया कि करीब 54 लोग उल्टी,दस्त व पेट दर्द से पीड़ित थे। जिन्हें दवाएं दी गई हैं,यह सभी लोग खतरे से बाहर हैं। वहीं सेमराय के अवधी कवि विकास बौखल के बेटे सोनक (17 व बेटी खुशी (14) की तबियत बिगड़ने पर लखनऊ के निजी अस्पताल में भर्ती कराया है।
बच्चे और बुजुर्ग ज्यादा पीड़ित
सूरतगंज सीएचसी अधीक्षक डॉ. राजर्षि त्रिपाठी ने बताया कि बच्चों और बुजुर्गों की इम्यूनिटी कमजोर होती है। इससे सेमराय में खाना खाने वालों में ज्यादातर बच्चे और बुजुर्ग ही बीमार हुए हैं। स्वास्थ विभाग की टीम लगातार इलाज मुहैया करा रही है। खाद्य पदार्थ में किसी तरह की कोई गड़बड़ी होने तथा दूषित खाद्य पदार्थ होने से फूड प्वाइजनिंग हो जाती है। इस मामले में भी कुछ ऐसा ही हुआ है।
विज्ञापन
यह हुए बीमार
संदीप (29) यस (16) शिवानी (26) रवि (28) सागर (62) खुशी (12)ज्योति (50) रामसागर (76) नितिन (12)विनोद (46),भानु (62)गुड़िया (32),शिवानी (12),अभिनव (6),अलका (32),शुभी (14),शिवम (20),अनुष्का (5),दीपक (40),विमल (35),ओम प्रकाश (50),सुभद्रा (36),ज्योति (35),विनय (55),सुख सिंह (4),ब्रहा कश्यप (17),अंकुर सिंह (32),महक (14),अमित (33),सोनू (12),पप्पू (45),ब्रह्म (35),सोनाली (8),इंद्र कुमार (55),हरिनारायण (72),मानवी (2),दीपाली (16),मीरा (46) समेत करीब 54 लोग बीमार थे।
विज्ञापन
सेमराय के ग्राम प्रधान आशीष सिंह के मुताबिक, मंगलवार को गांव के रघुनाथ सिंह के बेटे विनय सिंह का बरक्षा था। इस आयोजन में गांव के ज्यादातर लोग भोजन के लिए आमंत्रित थे। शाम को सभी ने खाना खाया। इसके बाद रात से कुछ लोगों की तबियत बिगड़ने लगी। इस दौरान बुधवार की सुबह से रविन्द्र प्रताप सिंह की बेटी निहारिका सिंह (9) को उल्टी-दस्त की शिकायत पर इलाज के लिए रामनगर के एक निजी क्लीनिक पर ले गए। वहां प्राथमिक उपचार के बाद डिस्चार्ज कर दिया गया। लेकिन हालत में सुधार न होने पर गुरूवार की दोपहर परिवारीजन इलाज के लिए सीएचसी रामनगर ले जा रहे थे। तभी रास्ते में निहारिका की मौत हो गई। इधर, मौत की खबर फैलते ही गांव में हड़कम्प मच गया। ग्राम प्रधान ने सूरतगंज सीएचसी पर फोन कर आयोजन में खाना खाने से बीमार पड़े लोगों की जानकारी दी। गांव पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कैम्प लगा कर करीब 50 से अधिक लोगों का इलाज किया है। गांव में कैम्प कर रहे डॉ. प्रदीप यादव ने बताया कि करीब 54 लोग उल्टी,दस्त व पेट दर्द से पीड़ित थे। जिन्हें दवाएं दी गई हैं,यह सभी लोग खतरे से बाहर हैं। वहीं सेमराय के अवधी कवि विकास बौखल के बेटे सोनक (17 व बेटी खुशी (14) की तबियत बिगड़ने पर लखनऊ के निजी अस्पताल में भर्ती कराया है।
विज्ञापन
बच्चे और बुजुर्ग ज्यादा पीड़ित
सूरतगंज सीएचसी अधीक्षक डॉ. राजर्षि त्रिपाठी ने बताया कि बच्चों और बुजुर्गों की इम्यूनिटी कमजोर होती है। इससे सेमराय में खाना खाने वालों में ज्यादातर बच्चे और बुजुर्ग ही बीमार हुए हैं। स्वास्थ विभाग की टीम लगातार इलाज मुहैया करा रही है। खाद्य पदार्थ में किसी तरह की कोई गड़बड़ी होने तथा दूषित खाद्य पदार्थ होने से फूड प्वाइजनिंग हो जाती है। इस मामले में भी कुछ ऐसा ही हुआ है।
विज्ञापन
यह हुए बीमार
संदीप (29) यस (16) शिवानी (26) रवि (28) सागर (62) खुशी (12)ज्योति (50) रामसागर (76) नितिन (12)विनोद (46),भानु (62)गुड़िया (32),शिवानी (12),अभिनव (6),अलका (32),शुभी (14),शिवम (20),अनुष्का (5),दीपक (40),विमल (35),ओम प्रकाश (50),सुभद्रा (36),ज्योति (35),विनय (55),सुख सिंह (4),ब्रहा कश्यप (17),अंकुर सिंह (32),महक (14),अमित (33),सोनू (12),पप्पू (45),ब्रह्म (35),सोनाली (8),इंद्र कुमार (55),हरिनारायण (72),मानवी (2),दीपाली (16),मीरा (46) समेत करीब 54 लोग बीमार थे।