यूपी में बढ़ते क्राइम पर डीजीपी ने लगाई कप्तानों की क्लास, पूछा- क्यों बढ़ रहा है अपराध?
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश में हाल के दिनों में बढ़ी आपराधिक वारदात पर डीजीपी ओमप्रकाश सिंह ने सख्त नाराजगी का इजहार किया है। बुधवार रात वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जिलों में तैनात अफसरों से उन्होंने सीधा सवाल पूछा कि आखिर क्यों आपके क्षेत्र में अपराध बढ़ रहा है?
डीजीपी ने खासकर उन जिलों के कप्तानों के पेंच कसे जहां हाल के दिनों में हत्या और लूट की बड़ी वारदात हुई है। उन्होंने लखनऊ के अलावा कानपुर, प्रतापगढ़, सुल्तानपुर, आजमगढ़, जालौन, अमेठी, बागपत, नोएडा, बाराबंकी और शामली के अफसरों से सवाल किया कि आपने अपने क्षेत्र में अपराध रोकने के लिए क्या किया?
उन्होंने कहा कि घटनाओं के जो भी कारण हों उनका सही खुलासा किया जाए। डीजीपी ने प्रदेश भर की सभी सनसनीखेज वारदातों के साथ-साथ रंगदारी, व्यापारी से अपराध, अपहरण और बलात्कार के मामलों की समीक्षा की और एक-एक से उनके जिलों की घटनाओं के बारे में पूछा।
डीजीपी ने कहा कि सभी अफसर अपने-अपने जिलों में पांच-पांच महत्वपूर्ण अपराधों की पैरवी की समीक्षा करें। नए गैंग का भी पंजीकरण किया जाए और गैंग में शामिल सदस्यों की समीक्षा की जाए। संपत्ति संबंधी अपराधों में शामिल अपराधियों का डोजियर तैयार किया जाए। अपराधियों की हिस्ट्री शीट खोलकर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। अपराध पर नियंत्रण के लिए नए के साथ-साथ जमानत पर छूटे अपराधियों पर नजर रखी जाए और उनका सत्यापन कराया जाए।
जेल में बंद अपराधियों की सूची तैयार करने का निर्देश
डीजीपी ने इनामी बदमाशों, पुलिस व न्यायिक अभिरक्षा से फरार अभियुक्तों, पुलिस कर्मियों पर हमला करने वालों के खिलाफ कार्रवाई तथा सनसनीखेज घटनाओं में शामिल अभियुक्तों के खिलाफ गैंगस्टर और एनएसए की कार्रवाई, जेल में बंद कुख्यात अपराधियों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए।
डीजीपी ने कहा कि आईजी व डीआईजी के अनुमोदन से जिले के टॉप 15 अपराधियों का चयन किया जाए। थाने स्तर पर भी टॉप 10 अपराधियों का चयन एसएसपी के अनुमोदन से किया जाए और इनके खिलाफ कार्रवाई की जाए।
देर रात यूपी 100 मुख्यालय से हुई वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में सभी जिलों के पुलिस कप्तान के अलावा सभी रेंज के आईजी व डीआईजी, जोन के एडीजी शामिल थे। लखनऊ से एडीजी कानून-व्यवस्था आनंद कुमार, एडीजी पीएसी राजकुमार विश्वकर्मा, एडीजी क्राइम संजय सिंघल, आईजी लोक शिकायत मोहित अग्रवाल, आईजी एसटीएफ अमिताभ यश, आईजी क्राइम एसके भगत शामिल थे।
बाढ़ और कांवड़ यात्रा को लेकर भी किया अलर्ट
डीजीपी ने कहा कि कई जिलों में इन दिनों कांवड़ यात्रा चल रही है। यदि कहीं पर कोई समस्या आती है तो फौरन मौके पर पहुंचकर समाधान कराएं। किसी भी हाल में सांप्रदायिक सौहार्द न बिगड़ने पाए। पिछले दिनों हुई लगातार बारिश से कई जिलों में बाढ़ की स्थिति बन गई है। ऐेसे में पुलिस को भी सतर्क रहने की जरूरत है। डीजीपी ने 15 अगस्त पर होने वाले कार्यक्रमों और सुरक्षा व्यवस्था के लिए भी अधिकारियों को सतर्क किया।