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जयपुर से लापता दो सगी बहनें सकुशल बरामद
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लखनऊ। राजस्थान के जयपुर से तीन फरवरी को लापता हुई दो सगी बहनों का सुराग लगते ही पश्चिमी जोन की पुलिस ने उनको बुधवार को गुडंबा के जानकीपुरम सेक्टर-एच से सकुशल बरामद कर लिया। दोनों बहनें एक निजी कंपनी में उत्पाद बेचने का काम कर रही थीं। दोनों कंपनी के ही कार्यालय में रह भी रही थीं। पूछताछ में दोनों ने पुलिस को बताया है कि वे परिवारीजनों से नाराज होकर घर से भागी थीं। पुलिस ने उनके परिवारीजनों व जयपुर पुलिस को सूचना दे दी है।
राजस्थान के जयपुर निवासी अवधेश हाईकोर्ट में वकील हैं। उनकी दो बेटियां रामा व भावना कंवर जयपुर से तीन फरवरी को घर से बिना कुछ बताए चली आई थीं। उसी दिन से उनका मोबाइल बंद था। दूसरे दिन चार फरवरी को दोनों लखनऊ के चारबाग रेलवे स्टेशन की सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गईं। एक ऑटो से दोनों निशातगंज पहुंचीं। इसके बाद कोई लोकेशन नहीं मिली। परिवारीजन करीब 25 दिन तक लखनऊ की खाक छानते रहे। लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। पिता अवधेश पुलिस कमिश्नर डीके ठाकुर से मिले। इसके बाद मामले की विवेचना एडीसीपी पश्चिम चिरंजीव नाथ सिन्हा को दी गई। एडीसीपी पश्चिम के मुताबिक, क्राइम ब्रांच की टीमें तलाश में लगी रहीं।
कमिश्नरेट के कई इलाकों के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए। इसी बीच गुडंबा इलाके में सीसीटीवी फुटेज की मदद से दोनों बहनों की तस्वीरें सामने आईं। इसके बाद उत्तरी जोन की पुलिस से भी मदद मांगी गई। छानबीन और जांच में पता चला कि गुडंबा के पहाड़पुर एच-ब्लॉक के पास मुकुंद स्वीट्स नाम की दुकान के पीछे एक मास्कीटो रेपीलेंट कंपनी का कार्यालय है। जहां पर कुछ लड़कियां कंपनी का उत्पाद बेचने का काम करती हैं। बुधवार को पुलिस टीम कंपनी के कार्यालय पहुंची तो दोनों बहनें भावना और रामा कंवर मिल गईं।
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दो दिन से स्कूटी से कर रहे थे रेकी
दोनाें सगी बहनों की तलाश में लगे एडीसीपी पश्चिम चिरंजीव नाथ सिन्हा को लोकेशन मंगलवार को मिली थी। इसके बाद उन्होंने एक सिपाही के साथ सिविल ड्रेस में स्कूटी से दो दिन तक गुडंबा के जानकीपुरम सेक्टर-एच की रेकी की। इस दौरान जब पूरी तरह संतुष्ट हो गए तो पुलिस टीम को बुलाकर दबिश दी। बरामदगी के बाद दोनों से अलग-अलग पूछताछ की गई। एडीसीपी के मुताबिक, दोनों बहनों ने बताया कि वे परिवारीजनों से नाराज होकर घर से भागी थीं। चार फरवरी को लखनऊ पहुंचीं और पांच फरवरी को गुडंबा स्थित कंपनी में आकर काम करना शुरू कर दिया।
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राजस्थान के जयपुर निवासी अवधेश हाईकोर्ट में वकील हैं। उनकी दो बेटियां रामा व भावना कंवर जयपुर से तीन फरवरी को घर से बिना कुछ बताए चली आई थीं। उसी दिन से उनका मोबाइल बंद था। दूसरे दिन चार फरवरी को दोनों लखनऊ के चारबाग रेलवे स्टेशन की सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गईं। एक ऑटो से दोनों निशातगंज पहुंचीं। इसके बाद कोई लोकेशन नहीं मिली। परिवारीजन करीब 25 दिन तक लखनऊ की खाक छानते रहे। लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। पिता अवधेश पुलिस कमिश्नर डीके ठाकुर से मिले। इसके बाद मामले की विवेचना एडीसीपी पश्चिम चिरंजीव नाथ सिन्हा को दी गई। एडीसीपी पश्चिम के मुताबिक, क्राइम ब्रांच की टीमें तलाश में लगी रहीं।
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कमिश्नरेट के कई इलाकों के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए। इसी बीच गुडंबा इलाके में सीसीटीवी फुटेज की मदद से दोनों बहनों की तस्वीरें सामने आईं। इसके बाद उत्तरी जोन की पुलिस से भी मदद मांगी गई। छानबीन और जांच में पता चला कि गुडंबा के पहाड़पुर एच-ब्लॉक के पास मुकुंद स्वीट्स नाम की दुकान के पीछे एक मास्कीटो रेपीलेंट कंपनी का कार्यालय है। जहां पर कुछ लड़कियां कंपनी का उत्पाद बेचने का काम करती हैं। बुधवार को पुलिस टीम कंपनी के कार्यालय पहुंची तो दोनों बहनें भावना और रामा कंवर मिल गईं।
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दो दिन से स्कूटी से कर रहे थे रेकी
दोनाें सगी बहनों की तलाश में लगे एडीसीपी पश्चिम चिरंजीव नाथ सिन्हा को लोकेशन मंगलवार को मिली थी। इसके बाद उन्होंने एक सिपाही के साथ सिविल ड्रेस में स्कूटी से दो दिन तक गुडंबा के जानकीपुरम सेक्टर-एच की रेकी की। इस दौरान जब पूरी तरह संतुष्ट हो गए तो पुलिस टीम को बुलाकर दबिश दी। बरामदगी के बाद दोनों से अलग-अलग पूछताछ की गई। एडीसीपी के मुताबिक, दोनों बहनों ने बताया कि वे परिवारीजनों से नाराज होकर घर से भागी थीं। चार फरवरी को लखनऊ पहुंचीं और पांच फरवरी को गुडंबा स्थित कंपनी में आकर काम करना शुरू कर दिया।