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राजकीय बाल गृह से भागे दो मासूम, संचालक पर लगाया ये आरोप

Tue, 23 Oct 2018 12:18 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Updated Tue, 23 Oct 2018 12:18 PM IST
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two minor child ran away from rajkiya bal grah of lucknow
डेमो
लखनऊ के प्राग नारायण रोड स्थित राजकीय बाल गृह (शिशु) से दो मासूम सोमवार सुबह छत के रास्ते भाग निकले। आरोप है कि संचालक के खराब व्यवहार से तंग आकर उन्होंने यह कदम उठाया। हजरतगंज थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। 
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बालगृह के सूत्रों के अनुसार दोनों बच्चे आठ साल से भी कम उम्र के हैं। शुरुआती जांच में सामने आया कि बच्चों ने दीवार फांदने के लिए स्टूल-कुर्सियों का सहारा लिया। इससे वे वॉशिंग मशीन पर चढ़े और वहां से दीवार पर चढ़कर छत पर जा पहुंचे।
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उस समय निगरानी स्टाफ ड्यूटी पर नहीं था। सुबह करीब नौ बजे होने वाली नियमित गणना में सामने आया कि दो बच्चे गायब हैं। इसकी जानकारी स्टाफ अर्चना और सीमा सिंह ने अधिकारियों को दी। तब जाकर जांच शुरू हुई, लेकिन मासूम नहीं मिले।
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डीपीओ सुधाकर पांडेय ने बाल गृह के स्टाफ और प्रभारी से पूछताछ की, लेकिन वे भी पुख्ता जानकारी नहीं दे पाए। गौरतलब है कि इससे पहले भी इस बाल गृह से बच्चे भाग चुके हैं। 
 

10 दिन पहले स्टेशन पर मिले थे

two minor child ran away from rajkiya bal grah of lucknow
डेमो
दोनों बच्चे 10 दिन पहले रेलवे स्टेशन पर लावारिस मिले थे। चाइल्ड लाइन ने इन्हें बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया, जहां से बाल गृह भेजने के आदेश हुए थे। दोनों बच्चे बिहार से लखनऊ आए थे। सूत्रों के अनुसार बच्चों के जिले और माता-पिता का पता चल चुका था, लेकिन बाल गृह संचालकों ने इनकी घर वापसी को तत्काल कदम नहीं उठाए। इस लापरवाही को अब छिपाया जा रहा है।

लापरवाही सामने आई तो कार्रवाई करेंगे
ऐसी लापरवाही नहीं होनी चाहिए थी। बच्चों को समिति ने आश्रय में रखा था। उनके साथ कुछ भी गलत होता है या बाल गृह स्टाफ की लापरवाही सामने आती है तो कार्रवाई होगी। फिलहाल बच्चों की पिटाई की बात सामने नहीं आई है। हम बच्चों की तलाश के पूरे प्रयास कर रहे हैं। -डॉ. वंदना वर्मा, निदेशक, महिला एवं बाल कल्याण विभाग 
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