राष्ट्रपति आज करेंगे पहले ओडीओपी समिट का शुभारंभ, 4084 लाभार्थियों को दिया जाएगा ऋण
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राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद शुक्रवार को स्थानीय इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग विभाग द्वारा आयोजित पहले ‘एक जनपद-एक उत्पाद’ (ओडीओपी) समिट का शुभारंभ करेंगे।
इस मौके पर राष्ट्रपति के समक्ष लघु क्षेत्र के ख्याति प्राप्त कंपनियों अमेजन, क्वालिटी कंट्रोल ऑफ इंडिया (क्यूसीआई), एनएसई बीएससी और जीई हेल्थकेयर के प्रतिनिधियों व राज्य सरकार के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर भी किए जाएंगे। समिट में 4084 लाभार्थियों को 1000 करोड़ से ज्यादा का ऋण वितरित किया जाएगा।
कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने के बाद राष्ट्रपति सबसे पहले प्रदेश के सभी 75 जिलों से संबंधित प्रमुख उत्पादों की प्रदर्शनी देखेंगे। राष्ट्रपति वहां मौजूद उद्यमियों से बातचीत भी करेंगे। राष्ट्रपति ओडीओपी कॉफी टेबल बुक के विमोचन साथ-साथ ओडीओपी वेबसाइट व टोलफ्री नंबर का शुभारंभ भी करेंगे। इसके बाद राष्ट्रपति द्वारा लाभार्थिंयो को ऋण पत्र और टूल किट का वितरण किया जाएगा।
कुछ लाभार्थियों द्वारा राष्ट्रपति को योजना के संबंध में अनुभवों की जानकारी दी जाएगी। समिट को राष्ट्रपति के अलावा राज्यपाल रामनाईक, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, लघु उद्योग मंत्री सत्यदेव पचौरी भी संबोधित करेंगे।
ओडीओपी के तहत बांटा जाएगा 1006 करोड़ ऋण
ओडी ओपी समिट में राज्य सरकार की ओर से 4084 लाख लाभार्थियों को 1006.94 करोड़ रुपये का ऋण वितरित किया जाएगा। सरकार ने हर साल एक लाख लोगों को ओडीओपी योजना से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
समिट की तैयारियों की समीक्षा के बाद मंत्री सत्यदेव पचौरी ने बृहस्पतिवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि यूपी देश का पहला ऐसा प्रदेश है, जो ओडीओपी के माध्यम से लोगों को उनकेघर में ही रोजगार उपलब्ध कराने केलिए पंरपरागत कुटीर उद्योगों को बढ़वा दे रहा है। इसके जरिए सरकार ने प्रदेश के सभी 75 जिलों में खास पहचान रखने वाले उत्पादों को प्रोत्साहित करने के लिए एक मंच देने की कोशिश है।
समिट के जरिए उद्यमियों को विपणन के लिए बेहतर बाजार, तकनीक एवं गुणवत्ता में सुधार लाने के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिलेगी। प्रदेश में इस समय 8900 करोड़ रुपये के उत्पाद का ही निर्यात होता है, जिसे बढ़ाकर 2 लाख करोड़ करने का लक्ष्य रखा गया है।
समिट में होगा 8 सत्रों का आयोजन
इस समिट में एग्रो एंड फूड्स, क्रेडिट एंड फइनेंस, क्राफ्ट एंड टूरिज़्म और हैंडलूम एंड टेक्सटाइल क्षेत्र की चुनौतियों एवं अवसरों पर ओडीओपी उत्पादकों के साथ चर्चा होगी। इसके लिए 8 सत्रों का आयोजन किया जाएगा। जिसमें उद्यमियों को उत्पादन बेचने के लिए मार्केटिंग के तरीके, गुणवत्ता सुधारने की तकनीक के प्रयोग, प्रशिक्षण आदि संबंधित बिंदुओं की जानकारी दी जाएगी।
75 जिलों के उत्पादों की लगेगी प्रदर्शनी
ओडीओपी समिट के अंतर्गत प्रदेश के सभी 75 जिलों के चयनित उत्पादों पर आधारित प्रदर्शनी का भी लगाई जा रही है। इसमें संबंधित जिले के उस विशिष्ट उत्पाद को प्रदर्शित किया जाएगा जिससे जिले की पहचान है। प्रदर्शनी 12 अगस्त तक चलेगी।