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पहलः उद्योगों के लिए निजी जमीन बेचने वालों को मिलेगा प्लेटफॉर्म
Mon, 22 Jun 2020 01:21 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Mon, 22 Jun 2020 01:21 AM IST
सार
- सरकार बनाएगी एक केंद्रीयकृत पोर्टल, इच्छुक काश्तकार रखेंगे अपने जमीन का ब्योरा
- निवेशकों का पता चल सकेगा कि प्रदेश में उसके जरूरत की निजी जमीन कहां है उपलब्ध
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- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
प्रदेश सरकार औद्योगीकरण में भूमि संबंधी समस्या के समाधान के लिए एक नई पहल करने जा रही है। इसमें निजी जमीन बेचने के इच्छुक लोगों को एक संस्थागत प्लेटफार्म उपलब्ध कराने की योजना है। इससे निवेशकों को भी फायदा होगा। इसके लिए एक केंद्रीयकृत पोर्टल बनाने का फैसला हुआ है।
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औद्योगिक विकास विभाग को इस संबंध में कार्यवाही के लिए कहा गया है। प्रदेश में बड़ी संख्या में ऐसे उद्यमी हैं जो सीधे निजी स्तर पर किसानों से बातचीत कर जमीन की खरीद-बिक्री कर लेते हैं। लेकिन, इसके लिए उन्हें प्रदेश भर में गांव-गांव भटकना पड़ता है।
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औद्योगिक विकास विभाग ने निवेशकों व काश्तकारों की सहूलियत के लिए एक नई कार्ययोजना बनाई है। इसमें निजी भूमि बेचने के इच्छुक लोगों के लिए एक पोर्टल बनाया जाएगा।
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किस तरह के लोकेशन और स्थिति वाली जमीन उद्योग के लिए उपयोगी हो सकती है, इसके बारे में पोर्टल पर तमाम तरह के ऑप्शन उपलब्ध कराए जाएंगे। काश्तकार की जमीन यदि उस दायरे में आती है तो वह अपनी जमीन से जुड़ी जानकारी पोर्टल पर अपलोड कर देगा।
पूरे प्रदेश से इस तरह की जानकारी पोर्टल पर अपलोड की जा सकेगी। इससे एक ओर काश्तकारों को अपने जमीन की प्रतिस्पर्धात्मक कीमत पाने का अवसर मिलेगा। दूसरी ओर, निवेशकों को घर बैठे पता चल जाएगा कि उसे अपने जरूरत की निजी भूमि कहां उपलब्ध हो रही है।
यह पोर्टल औद्योगिक विकास विभाग के अंतर्गत उद्योग बंधु को डवपलप करने की जिम्मेदारी दी गई है। इससे बड़ी संख्या में छोटे उद्योगों के लिए जमीन की आसानी से उपलब्धता की उम्मीद है। कुछ राज्यों ने इस तरह के प्रयोग किए हैं, उनका अध्ययन कर इस ओर पहल की योजना है।